पणजी, आठ जून गोवा के शहर एवं नियोजन मंत्री विश्वजीत राणे ने बृहस्पतिवार को गैर गोवा मूल के एक व्यक्ति समेत अपने विभाग की राज्य स्तरीय संचालन समिति (एसएलएससी) के कुछ सदस्यों पर अपने निहित स्वार्थ के चलते अनियमितताएं करने का आरोप लगाया। यह समिति क्षेत्रीय योजना 2021 का मसौदा तैयार करने के लिए बनायी गयी थी।
यहां जारी एक बयान में राणे ने कहा कि क्षेत्रीय योजना 2021 का मसौदा बनाने की कवायद एक ‘बड़ा घोटाला’ है । उन्होंने आरोप लगाया कि समिति के कुछ सदस्यों ने गोवा के लोगों को बेवकूफ बनाया।
उनके विभाग की इस समिति में राज्य सरकार के अधिकारी तथा शहरी नियोजन क्षेत्र के कुछ प्रतिनिधि हैं।
राणे ने आरोप लगाया, ‘‘एसएलएससी के गैर गोवा सदस्य, जिनके पास शहर नियोजक की कोई आवश्यक पात्रता नहीं है, ने गोवा के साथ धोखाधड़ी की है। बस अपने पेशे को बढ़ावा देने के लिए जो इतनी अनियमितताएं की गयी हैं, वे चौकाने वाली हैं।’’
मंत्री ने कहा कि बातचीत के दौरान राज्य के मुख्य शहर नियोजक जेम्स मैथ्यू और शहर नियोजक विनोद कुमार ने इस योजना में अनियमितताओं की ओर इशारा किया।
उन्होंने किसी का नाम लिये बगैर कहा, ‘‘मैंने एसएलएससी द्वारा हस्ताक्षरित योजना को गहराई से देखा और यह देखकर चौंक गया कि कैसे कुछ सदस्यों ने बस अपनी पेशेवर प्रैक्टिस को फायदा पहुंचाने के लिए मनमाने ढंग से कुछ संपत्तियों का जोन बदलकर रिहायशी जोन कर दिया।’’
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