पणजी, दो नवंबर केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने मंगलवार को कहा कि गोवा में खनन की प्रक्रिया फिर से शुरू करने का केंद्र सरकार समर्थन करती है और उम्मीद है कि इस मामले में उच्चतम न्यायलय का रवैया सकारात्मक होगा।
गडकरी ने एक संवाददाता सम्मेलन में कहा कि मामला न्यायालय में लंबित है, इसलिए उस पर टिप्पणी करना उचित नहीं होगा। उन्होंने कहा, “यह मामला उच्चतम न्यायालय में है। इसके (लौह अयस्क खनन) लिए मनोहर पर्रिकर (गोवा के दिवंगत मुख्यमंत्री), श्रीपद नाइक (केंद्रीय मंत्री और उत्तर गोवा से सांसद) और (मुख्यमंत्री) प्रमोद सावंत ने कई प्रयास किये।”
गोवा में फरवरी 2018 में उच्चतम न्यायालय द्वारा खनन की 88 लीज निरस्त किये जाने के बाद से लौह अयस्क उद्योग ठंडा पड़ गया है। गडकरी ने कहा कि खनन उद्योग को बहाल करने के लिए उन्होंने भी प्रयास किया।
उन्होंने कहा, “गोवा की अर्थव्यवस्था लौह अयस्क के निर्यात से जुड़ी है और इसीलिए हमारी सरकार इस मुद्दे को सुलझाने के लिए काम कर रही है, लेकिन उच्चतम न्यायालय तो उच्चतम न्यायालय है। इसलिए हमें शीर्ष अदालत के सामने उचित प्रस्तुतिकरण करना होगा और इसका समाधान निकालना होगा।”
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि खनन की बहाली के लिए केंद्र सरकार प्रयास करती रहेगी।
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