देश की खबरें | परिसीमन आयोग की बैठक, शामिल न होने पर नेशनल कॉन्फ्रेंस सदस्यों की आलोचना
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. जम्मू कश्मीर पर परिसीमन आयोग की बृहस्पतिवार को यहां बैठक हुई जिसका नेशनल कॉन्फ्रेंस से आने वाले तीन सहायक सदस्यों ने बहिष्कार किया। केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने इस पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए पार्टी की उसके दोहरे चरित्र के लिये निंदा की।
नयी दिल्ली, 18 फरवरी जम्मू कश्मीर पर परिसीमन आयोग की बृहस्पतिवार को यहां बैठक हुई जिसका नेशनल कॉन्फ्रेंस से आने वाले तीन सहायक सदस्यों ने बहिष्कार किया। केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने इस पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए पार्टी की उसके दोहरे चरित्र के लिये निंदा की।
उच्चतम न्यायालय की पूर्व न्यायाधीश रंजना प्रकाश देसाई की अध्यक्षता वाले आयोग की यहां हुई बैठक का मकसद केंद्र शासित प्रदेश जम्मू कश्मीर के परिसीमन की प्रक्रिया पर सहायक सदस्यों के सुझाव लेना था। बैठक में उधमपुर से सांसद सिंह और जम्मू से सांसद जुगल किशोर शर्मा शामिल हुए।
लोकसभा अध्यक्ष ने पिछले साल फारुक अब्दुल्ला, मोहम्मद अकबर लोन, हसनैन मसूदी, जुगल किशोर शर्मा और केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह को जम्मू कश्मीर के लिये आयोग के सहायक सदस्य के तौर पर नामित किया था।
दोनों सहायक सदस्यों ने आयोग के प्रयासों की सराहना करते हुए सुझाव दिया कि जहां तक संभव हो क्षेत्रों का परिसीमन व्यवहारिक और भौगोलिक रूप से सुगठित होना चाहिए।
उन्होंने कहा कि क्षेत्रों के परिसीमन के दौरान भौतिक विशेषताओं, प्रशासनिक इकाइयों की मौजूदा सीमाओं, संचार व सार्वजनिक परिवहन की सुविधाओं का ध्यान रखा जाना चाहिए।
सहायक सदस्य संबंधित राज्यों से आए कानून निर्माता होते हैं जो आयोग को संसदीय व विधानसभा क्षेत्रों के परिसीमन में मदद करते हैं।
एक आधिकारिक बयान में कहा गया कि आयोग ने सभी पांच सहायक सदस्यों को पांच फरवरी को ही इस बैठक के बारे में लिखित जानकारी दे दी थी लेकिन बृहस्पतिवार को हुई बैठक में सिर्फ सिंह और शर्मा मौजूद थे।
बैठक के बाद सिंह ने संवाददाताओं को बताया कि कुछ सदस्य बृहस्पतिवार को हुई बैठक में शामिल नहीं हुए और उन्होंने कहा कि “यह परिसीमन की कवायद है न कि राजनीतिक रुख दिखाने का कोई मंच।” बाद में ‘पीटीआई-’ से बात करते हुए सिंह ने कहा कि आयोग संवैधानिक रूप से गठित निकाय है।
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