यह सर्वेक्षण एक अगस्त से सात अगस्त के बीच कराया गया । यह राजधानी में दूसरी बार कराया गया है । इस सर्वेक्षण के अनुसार राष्ट्रीय राजधानी की 29.1 फीसदी जनसंख्या में सार्स- कोव—2 के खिलाफ एंटीबॉडी विकसित हुयी है ।
सर्वेक्षण में 15 हजार लोगों को शामिल किया गया । उनमें से करीब 25 प्रतिशत 18 साल से कम उम्र के थे, जबकि 50 फीसदी 18 से 50 वर्ष की उम्र वर्ग के थे । शेष लोगों की आयु 50 साल से अधिक थी ।
सर्वेक्षण के परिणाम बताते हैं कि इसमें हिस्सा लेने वाले पांच से 17 साल की उम्र के 34.7 प्रतिशत संक्रमण के लिहाज से संवेदनशील हैं ।
इसके अनुसार 50 साल की उम्र से अधिक के 31.2 प्रतिशत लोग कोरोना वायरस संक्रमण से ठीक हो चुके हैं ।
इसमें कहा गया है कि 18 से 50 साल की उम्र वर्ग के 28.5 फीसदी लोगों में वायरस के खिलाफ एंटीबॉडी विकसित हुआ है ।
भारतीय चिकित्सा अनुसंधान के आंकड़ों के अनुसार 21 से 50 साल के 61.31 प्रतिशत लोग 21 अगस्त तक कोरोना वायरस से संक्रमित पाये गये हैं ।
विशेषज्ञ कहते हैं कि बच्चे अपने घर के बुजुर्गों और घरेलू सहायकों से संक्रमित हो सकते हैं ।
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)












QuickLY