देश की खबरें | दिल्ली सरकार ने स्कूलों से नवाचार प्रस्तुत करने के लिये कहा
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नयी दिल्ली, छह जनवरी दिल्ली सरकार ने राष्ट्रीय राजधानी के स्कूलों को कोरोना वायरस महामारी के बीच शिक्षा सुनिश्चित करने के लिये शिक्षकों एवं स्कूल प्रबंधन समिति के सदस्यों द्वारा किये गये नवाचारों को प्रस्तुत करने का निर्देश दिया है ।
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में स्कूल पिछले साल मार्च से ही बंद हैं । हालांकि, कुछ राज्यों ने आंशिक रूप से स्कूल दोबारा खोले हैं लेकिन दिल्ली सरकार ने कोविड-19 टीके की उपलब्धता के बाद ही स्कूल खोले जाने की घोषणा की है ।
कोरोना वायरस संक्रमण के कारण स्कूलों को बंद किये जाने के बाद से शिक्षण एवं शैक्षिक गतिविधियां आनलाइन हो गयी जिसके बाद शिक्षक अध्यापन का नया तरीका खोजने के लिये उत्साहित हुये ।
शिक्षा निदेशालय ने स्कूलों के प्रधानाध्यापकों को लिखे एक पत्र में कहा है कि शिक्षकों एवं स्कूल प्रबंधन समिति के सदस्यों ने कोविड-19 के प्रबंधन में महत्वपूर्ण भूमिका अदा की और स्कूलों के बंद होने के बाद पढ़ाने के लिए नये तरीकों का इजाद किया जिन्हें रेखांकित करने की जरूरत है।
इसमें कहा गया है कि दिल्ली बाल अधिकार संरक्षण आयोग जल्दी ही एक पत्रिका शुरू करने जा रहा है, जिसका नाम ‘चिल्ड्रेन फर्स्ट : जर्नल ऑन चिल्ड्रेन्स लाइव्स’ होगा । इस पत्रिका का पहला अंक ‘बच्चों के जीवन पर कोविड-19 महामारी का प्रभाव’ पर आधारित होगा ।
निदेशालय ने कहा है कि इसलिए आयोग ने आग्रह किया है कि शिक्षक एवं स्कूल प्रबंधन समिति के सदस्य पत्रिका के बारे में जान सकते हैं और अपने नवाचारों को प्रस्तुत कर सकते हैं ।
शिक्षकों को 20 फरवरी तक अपनी प्रविष्टियां देने को कहा गया है ।
रंजन
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