देश की खबरें | कांग्रेस ने अपने विधायक के आवास पर हमले की वजह अंदरूनी प्रतिद्वंद्विता होने के दावे को खारिज किया
एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

बेंगलुरु, 15 अक्टूबर कर्नाटक में कांग्रेस ने बृहस्पतिवार को पुलिस के उस दावे को खारिज कर दिया कि अगस्त में शहर में हुई हिंसा के दौरान पार्टी के विधायक आर अखंड श्रीनिवास मूर्ति के आवास पर हुए हमले की वजह पार्टी की अंदरूनी प्रतिद्वंद्विता थी।

कर्नाटक प्रदेश कांग्रेस समिति (केपीसीसी) प्रमुख डी. के. शिवकुमार ने इस घटना के लिये सरकार को जिम्मेदार ठहराते हुए कहा कि ये आरोप उनकी पार्टी के खिलाफ साजिश का हिस्सा हैं। उन्होंने पुलिस पर सत्तारूढ़ भाजपा के एजेंट के रूप में काम करने का आरोप लगाया।

यह भी पढ़े | Kerala Gold Smuggling Case: केरल गोल्ड स्मगलिंग केस के तार हो सकते हैं दाऊद गैंग से जुड़े, NIA का खुलासा.

उन्होंने कांग्रेस विधायक मूर्ति (जिनके आवास पर तोड़फोड़ की घटना हुई थी) की यह मांग भी खारिज कर दी कि आरोपपत्र में नामजद नेताओं को पार्टी से निलंबित कर दिया जाए। साथ ही, शिवकुमार ने इसे ‘उनका राजनीतिक एजेंडा’ करार दिया।

प्रदेश कांग्रेस प्रमुख ने एक सवाल के जवाब में कहा, ‘‘मैं आपसे कह रहा हूं कि जहां तक डी जे हल्ली घटना की बात है, कांग्रेस का इससे कोई लेना-देना नहीं है, हमारी पार्टी की छवि धूमिल करने के लिये अनावश्यक रूप से हमारे नेताओं का इसमें नाम शामिल किया जा रहा है। ’’

यह भी पढ़े | WhatsApp डेटा स्टोर करने की अनिवार्य आवश्यकता के बिना भारत में UPI Payment Application को शुरू करने की देता है अनुमति? SC ने याचिका पर सुनवाई के बाद NPCI और RBI को जारी किया नोटिस.

उन्होंने यहां संवाददाताओं से बात करते हुए आरोप लगाया कि ‘‘पुलिस कठपुतली की तरह काम कर रही है’’ और कांग्रेस मामले को राजनीतिक तरीके से लेगी।

शिवकुमार ने जोर देते हुए कहा कि किसी भी साजिश में कांग्रेस का कोई नेता संलिप्त नहीं था।

उन्होंने कहा, ‘‘भाजपा नेता और अधिकारी ऐसा कांग्रेस पार्टी को दागदार करने के लिये कर रहे हैं, हम इससे राजनीतिक तरीके से और कानूनी तरीके से, दोनों तरह से अलग-अलग लड़ेंगे। ’’

हिंसा के दौरान मूर्ति के आवास पर हुए हमले की जांच कर रही केंद्रीय अपराध शाखा (सीसीबी) पुलिस ने पूर्व मेयर संपत राज और पुलकेशीनगर के पूर्व वार्ड पार्षद अब्दुल रकीब जाकिर को आरोपित किया है तथा उन पर राजनीतिक प्रतिद्वंद्विता को लेकर हमले की साजिश रचने का आरोप लगाया गया है।

सीसीबी ने अंतरिम आरोपपत्र दाखिल कर संपत राज, जाकिर सहित 60 आरोपियों को नामजद किया है।

यह पूछे जाने पर कि क्या पार्टी संपत राज के साथ खड़ी होगी, शिवकुमार ने कहा, ‘‘मैं कांग्रेस के सभी लोगों के साथ खड़ा रहूंगा, वे सभी बेकसूर हैं। ’’

अखंड श्रीनिवास मूर्ति (जिनके आवास पर हमला हुआ था) द्वारा संपत को पार्टी से निलंबित किये जाने की मांग के बारे में पूछे जाने पर शिवकुमार ने कहा, ‘‘यह उनका राजनीतिक एजेंडा हो सकता है, हम किसी को भी निलंबित नहीं करने जा रहे हैं। ’’

शिवकुमार ने कहा कि पार्टी ने एक आंतरिक जांच कराई है और इसकी रिपोर्ट सौंप दी गई है।

यह पूछे जाने पर कि क्या वह अपनी ही पार्टी के विधायक (मूर्ति) पर राजनीति करने का आरोप लगा रहे हैं, शिवकुमार ने कहा, ‘‘मैं ज्यादा टिप्पणी करना नहीं चाहता...हम आंतरिक रूप से यह विचार करेंगे कि क्या कुछ कार्रवाई किये जाने की जरूरत है।’’

गौरतलब है कि विधायक के आवास पर और डी जे हल्ली में एक पुलिस थाने को तथा कई पुलिस वाहनों एवं निजी वाहनों को हिंसक भीड़ ने आग के हवाले कर दिया था। उन्होंने विधायक और उनकी बहन के आवास पर लूटपाट भी की थी।

हिंसा की घटना से जुड़े मामले की जांच कर रही राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने कांग्रेस के दो विधायकों--बी जेड जमीर अहमद खान और रिजवान अरशद-- से इस बारे में पूछताछ की है कि किस वजह से यह घटना हुई थी।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)