देश की खबरें | उप्र में बिना लक्षण वाले मरीजों के लिये घर पर पृथक रहने को सशर्त मंजूरी

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. उत्तर प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री जय प्रताप सिंह ने सोमवार को कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कोविड-19 के बिना लक्षण वाले मरीजों के लिये घर पर पृथक रहने (होम आइसोलेशन) की सशर्त अनुमति दे दी है। इसके लिये दिशानिर्देश जल्द ही जारी किये जाएंगे।

एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

लखनऊ, 20 जुलाई उत्तर प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री जय प्रताप सिंह ने सोमवार को कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कोविड-19 के बिना लक्षण वाले मरीजों के लिये घर पर पृथक रहने (होम आइसोलेशन) की सशर्त अनुमति दे दी है। इसके लिये दिशानिर्देश जल्द ही जारी किये जाएंगे।

सिंह ने यहां संवाददाताओं को बताया कि सरकार द्वारा टेस्टिंग में बढ़ोत्तरी किये जाने से कोविड—19 के लक्षण रहित मामलों में काफी इजाफा हुआ है।

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उन्होंने कहा, ''इस पर मुख्यमंत्री से बात करने के बाद हमें उनसे अनुमति मिली है। हमें उससे संबंधित जो दिशानिर्देश स्वास्थ्य मंत्रालय से मिले हैं, उनका अध्ययन कर हम उन्हें जारी करेंगे।''

इस सवाल पर कि किसी व्यक्ति को घर पर पृथक रखना है, यह मरीज पर निर्भर करेगा या फिर अस्पताल तय करेगा, स्वास्थ्य मंत्री ने कहा, ''हमें जो दिशानिर्देश मिले है उसमें एक स्व:घोषित का फॉर्म होगा। होम आइसोलेशन सिर्फ लक्षण रहित मरीजों के लिए होगा। अगर किसी को हल्का-फुल्का बुखार या अन्य हल्के लक्षण भी होंगे तो उसे एल—2 अस्पताल जाना पड़ेगा। हल्का बुखार या फ्लू होने पर कभी-कभी ऑक्सीजन स्तर कम हो सकता है या और भी परेशानियां हो सकती हैं। उसमें हम बिल्कुल समझौता नहीं करेंगे।''

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उन्होंने कहा कि घर में पृथक रहने वाले लोगों की अगर तबीयत खराब होती है तो उन्हें चिकित्सा सुविधा तुरंत मिलेगी। ऐसे लोग स्वास्थ्य विभाग की सर्विलेंस टीम से लगातार जुड़े रहेंगे और कॉल सेंटर से उनका संपर्क बना रहेगा। उन्होंने कहा कि घर के अंदर भी निर्धारित दिशानिर्देशों के मुताबिक ही मरीज का पृथक कमरा होगा। अगर मरीज के पास मानक के मुताबिक कमरा होगा तभी उसे घर पर पृथक रहने की इजाजत दी जाएगी।

उन्होंने कहा कि घर पर पृथक रहने की सुविधा मिल जाने से ऐसे मरीज भी सामने आएंगे जो अभी तक अपनी बीमारी को छुपा रहे हैं।

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