मध्यांतर के समय चीन की टीम पिछड़ रही थी और ऐसा लग रहा था कि गत चैंपियन टीम के खिलाफ फाइनल में उसे लगातार तीसरी बार हार का सामना करना पड़ेगा।
जापान ने पहले हाफ में अंतिम 14 अंक जुटाए और मध्यांतर तक टीम ने नौ अंक की बढ़त बना रखी थी।
शू हेन ने तीसरे क्वार्टर में हालांकि चीन को लय दिलाई और टीम क्वार्टर के अंतिम लम्हों में बढ़त बनाने में सफल रही।
चीन की टीम इसके बाद स्वर्ण पदक के लंबे इंतजार को खत्म करने में सफल रही।
शू ने मैच में 26 जबकि सियू वैंग ने 17 अंक जुटाए।
जापान की ओर से माकी तकादा ने 17 जबकि साकी हयाशी ने 12 अंक हासिल किए।
इससे पहले शनिवार को मेजबान ऑस्ट्रेलिया ने न्यूजीलैंड को 81-59 से हराकर लगातार तीसरी बार कांस्य पदक जीता।
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