कोविड के कारण अनाथ हुए बच्चों, परिवार के सदस्यों को विभिन्न योजनाओं से जोड़ा जाए: उच्चतम न्यायालय

उच्चतम न्यायालय ने राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों को सोमवार को निर्देश दिया कि वे कोविड-19 वैश्विक महामारी के कारण अनाथ हुए बच्चों और उनके परिवार के सदस्यों को विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं से जोड़ें.

प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: Pixabay)

नयी दिल्ली, 5 अप्रैल : उच्चतम न्यायालय ने राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों को सोमवार को निर्देश दिया कि वे कोविड-19 वैश्विक महामारी के कारण अनाथ हुए बच्चों और उनके परिवार के सदस्यों को विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं से जोड़ें.

न्यायमूर्ति एल नागेश्वर राव और न्यायमूर्ति बी आर गवई की पीठ ने कहा कि राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग (एनसीपीसीआर) ने विभिन्न जिला अधिकारियों को बच्चों और उनके परिवार के सदस्यों को विभिन्न योजनाओं से जोड़ने के लिए विभिन्न सिफारिशें करते हुए 19,825 पत्र लिखे हैं, लेकिन केवल 920 मामलों में कार्रवाई की रिपोर्ट मिली हैं. यह भी पढ़ें : COVID-19 India Updates: भारत में कोरोना को लेकर बड़ी राहत, 715 दिन के बाद सबसे कम 913 नए मामले

पीठ ने इस मामले में एनसीपीसीआर द्वारा दाखिल रिपोर्ट पर गौर किया और राज्यों एवं केंद्रशासित प्रदेशों से दो सप्ताह में स्थिति रिपोर्ट दाखिल करने को कहा.

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