देश की खबरें | चुनाव से पहले मोदी ने असम के लिये खोला खजाना, कहा- पिछले सरकारों ने विकास की अनदेखी की
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धेमाजी (असम), 22 फरवरी चुनावी राज्य असम के लिये अपनी सरकार का खजाना खोलते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आजादी के बाद सालों तक देश पर शासन करने वाली पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकारों पर निशाना साधते हुए सोमवार को कहा कि उन्होंने दशकों तक राज्य व पूर्वोत्तर की “अनदेखी” की।
एक महीने में असम के अपने तीसरे दौरे में 3,222 करोड़ रुपये से ज्यादा की पेट्रोलियम क्षेत्र की तीन परियोजनाओं को राष्ट्र को समर्पित करते हुए मोदी ने सर्बानंद सोनोवाल के नेतृत्व वाली प्रदेश सरकार और केंद्र द्वारा पिछले कुछ सालों में विकास के संतुलन के लिये उठाए गए कदमों का जिक्र किया।
उन्होंने ब्रह्मपुत्र नदी के उत्तरी किनारे पर 45 करोड़ रुपये की शुरुआती परियोजना लागत वाले धेमाजी इंजीनियरिंग कॉलेज का उद्घाटन किया और 55 करोड़ रुपये की लागत वाले सुआलकुची इंजीनियरिंग कॉलेज की आधारशिला रखी।
उन्होंने सात फरवरी को इस चुनावी राज्य में 9,310 करोड़ रुपये मूल्य की विभिन्न राष्ट्रीय आधारभूत परियोजनाओं की आधारशिला रखने के साथ ही कई परियोजनाओं को पूरा होने पर राष्ट्र को समर्पित किया था।
इसके बाद 18 फरवरी को उन्होंने राज्य को 10 हजार करोड़ रुपये की विभिन्न विकास परियोजनाओं की सौगात दी थी।
उन्होंने लोगों को संबोधित करते हुए कहा, “जिन लोगों ने आजादी के बाद से दशकों तक शासन किया वो मानते थे कि दिसपुर दिल्ली से बहुत दूर था। दिल्ली अब दूर नहीं आपके दरवाजे पर है।”
उन्होंने आरोप लगाया कि पूर्ववर्ती सरकारों ने उत्तरी तट क्षेत्र से “सौतेली मां” जैसा व्यवहार किया और संपर्क, स्वास्थ्य, शिक्षा और उद्योग की अनदेखी की।
उन्होंने कहा, “मैं पूर्व में राज्य के उत्तरी किनारे पर गोगामुक में आया था और कहा थ कि असम और पूर्वोत्तर देश के विकास के नए इंजन बनेंगे और हम इस विश्वास को फलीभूत होते देख रहे हैं।”
प्रधानमंत्री ने कहा कि असम सरकार के सतत प्रयासों के कारण 20 से ज्यादा इंजीनियरिंग कॉलेज स्थापित हुए हैं।
नई शिक्षा नीति (एनईपी) के संदर्भ में उन्होंने कहा कि स्थानीय ओं में पढ़ाने पर उसमें दिया जा रहा जोर गरीब परिवार के बच्चों को भी डॉक्टर और इंजीनियर बनने में मदद करेगा।
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