नयी दिल्ली, 18 नवंबर कर्नाटक के मुख्यमंत्री बी. एस. येदियुरप्पा ने बुधवार को कहा कि उनकी सरकार मराठा विकास बोर्ड के गठन के फैसले के खिलाफ कन्नड़ समर्थक संगठनों द्वारा पांच दिसंबर को आहूत ‘‘जबरन बंद’’ की अनुमति नहीं देगी। साथ ही उन्होंने बंद आहूत करने पर कार्रवाई की चेतावली भी दी।
मंत्रिमंडल के विस्तार पर भाजपा के शीर्ष नेताओं के साथ चर्चा करने के लिए येदियुरप्पा बुधवार दोपहर दिल्ली पहुंचे है।
मुख्यमंत्री ने यहां संवाददाताओं से कहा, ‘‘हमने राज्य में निवास करने वाले मराठा समुदाय के लोगों के कल्याण के लिए बोर्ड का गठन किया है। मराठा भी हिन्दू हैं।’’
उन्होंने कहा, ‘‘अगर जबरन बंद आहूत किया जाता है तो हम कड़ी कार्रवाई करेंगे।’’
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बेलगावी लोकसभा सीट और बसवाकल्याण तथा मस्की विधानसभा सीटों पर उपचुनाव की घोषणा के बाद सरकार ने मराठा विकास बोर्ड के गठन की घोषणा की है। गौरतलब है कि तीनों क्षेत्रों में मराठी भाषी आबादी ज्यादा है।
येदियुरप्पा ने दोनों राज्यों के बीच ‘‘अकारण’’ सीमा विवाद को बढ़ावा देने को लेकर महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजीत पवार की भी आलोचना की। उन्होंने कहा कि महाजन आयोग का फैसला अंतिम है।
पवार ने मंगलवार को कहा था कि महाराष्ट्र का सर्वांगीण विकास और बेलगाम (बेलगावी), कारवार और निपानी को राज्य में शामिल करना शिवसेना के संस्थापक बाल ठाकरे का सपना था। उन्होंने कहा, ‘‘चलें, बालासाहेब के सपने को पूरा करने में जुटें।’’
कर्नाटक और महाराष्ट्र दशकों से सीमा विवाद में उलझे हुए हैं।
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