देश की खबरें | अदालत के निर्देशों का पालन नहीं करने के लिए मेरठ में चौधरी चरण सिंह वि.वि. के कुलपति से जवाब तलब
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने मेरठ के परीक्षितगढ़ में स्थित गांधी स्मारक देवनागरी उच्चतर माध्यमिक विद्यालय की प्रबंधन समिति को मान्यता देने से जुड़े एक मामले में अपने पिछले निर्देशों का अनुपालन नहीं करने के लिए चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय के कुलपति के आचरण को गंभीरता से लिया है।
प्रयागराज, 30 अप्रैल इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने मेरठ के परीक्षितगढ़ में स्थित गांधी स्मारक देवनागरी उच्चतर माध्यमिक विद्यालय की प्रबंधन समिति को मान्यता देने से जुड़े एक मामले में अपने पिछले निर्देशों का अनुपालन नहीं करने के लिए चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय के कुलपति के आचरण को गंभीरता से लिया है।
अदालत ने कहा कि यह आचरण प्राकृतिक न्याय के सिद्धांतों के उल्लंघन के समान है और अदालत के निर्देशों की बाध्यता का अपमान है।
अदालत ने कुलपति को एक व्यक्तिगत रूप से हलफनामा दाखिल करके यह बताने को कहा कि किन कारणों से उन्होंने अदालत के निर्देशों का अनुपालन नहीं किया।
गांधी स्मारक देवनागरी उच्चतर माध्यमिक विद्यालय की प्रबंधन समिति द्वारा दायर रिट याचिका पर सुनवाई करते हुए न्यायमूर्ति सरल श्रीवास्तव ने कहा कि आठ नवंबर, 2024 को यह स्पष्ट निर्देश जारी करने के बावजूद कि याचिकाकर्ता को अपना पक्ष रखने का अवसर दिया जाए, कुलपति ने 24 फरवरी, 2025 को जारी एक आदेश के जरिए याचिकाकर्ता की आपत्ति “सरसरी तौर पर” बिना कारण बताए खारिज कर दी।
अंतरिम राहत के तौर पर अदालत ने कुलपति के 20 सितंबर, 2024 और 24 फरवरी, 2025 के आदेश पर रोक लगा दी है। अदालत ने अपने आदेश में सभी प्रतिवादियों- राज्य सरकार, कुलपति और अन्य को चार सप्ताह में जवाबी हलफनामा दाखिल करने का निर्देश दिया है।
अदालत ने इस मामले की अगली सुनवाई की तिथि 17 जुलाई, 2025 तय की है।
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