देश की खबरें | अन्नाद्रमुक के सहयोगी दल पीएमके ने सरकार पर लोगों की शिकायतों पर ध्यान नहीं देने का आरोप लगाया
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चेन्नई,22 अक्टूबर तमिलनाडु में सत्तारूढ़ अन्नाद्रमुक की सहयोगी पार्टी पीएमके ने सरकार पर लोगों की शिकायतों पर ध्यान नहीं देने का आरोप लगाते हुए बृहस्पतिवार को कहा कि वह वन्नियार समुदाय के लिये 20 प्रतिशत विशेष आरक्षण की मांग करते हुए अगले साल एक अभूतपूर्व और विशाल प्रदर्शन करेगी।
पीएमके के संस्थापक एस रामदॉस ने अपने ट्विटर हैंडल पर कहा कि जो लोग तमिलनाडु में सत्ता की बागडोर थामे हुए हैं, उन्होंने लोगों की मांग पर कुछ भी कहने से इनकार कर दिया है तथा उनकी शिकायतों पर ध्यान नहीं दिया है।
रामदॉस ने एक फेसबुक पोस्ट में कहा कि वन्नियार समुदाय के लिये 20 प्रतिशत आरक्षण की मांग चार दशक पुरानी है। विशेष कोटा के लिये उनकी पार्टी की मांग दोनों ही पूर्ववर्ती सरकारों ने और मौजूदा शासन ने पूरी नहीं की है।
वन्नियार, वन्नीय कुल क्षत्रिय के रूप में भी जाने जाते हैं और यह तमिलनाडु में अति पिछड़ा वर्ग के तहत आने वाली 35 से अधिक जातियों में शामिल है।
वन्नियार मुख्य रूप से उत्तरी तमिलनाडु में बसे हुए हैं। इनमें वेल्लोर, कुडलूर, कांचीपुरम, चेंगेलपेट, तिरूवल्लुर, तिरूवन्नमलाई और विल्लपुरम शामिल हैं।
रामदॉस ने कहा कि नव वर्ष (2021) में वन्नियारों के लिये 20 प्रतिशत विशेष आरक्षण की मांग को लेकर प्रदर्शन शुरू किया जाएगा और यह आंदोलन बड़े पैमाने पर तथा अभूतपूर्व होगा।
पीएमके के शीर्ष नेतृत्व ने आरोप लगाया कि राज्य में पूर्व में सत्तारूढ और मौजूदा सरकार, दोनों (द्रमुक और अन्नाद्रमुक) ने सामाजिक न्याय से पूरी तरह से इनकार किया है।
उन्होंने उन पर जातिवार जनगणना नहीं कराने का भी आरोप लगाया।
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