जरुरी जानकारी | रेपो दर बढ़ने के बाद आईसीआईसीआई समेत कई बैंकों ने ब्याज दर में वृद्धि की

नयी दिल्ली, पांच मई भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के नीतिगत दर में वृद्धि के फैसले के बाद कई बैंकों ने बाह्य मानक दर यानी रेपो आधारित ब्याज दर (ईबीएलआर) बढ़ा दी है। आईसीआईसीआई बैंक ने इसे बढ़ाकर 8.10 प्रतिशत और बैंक ऑफ बड़ौदा ने 6.90 प्रतिशत कर दिया है।

इसके अलावा सार्वजानिक क्षेत्र के दो बैंकों....बैंक ऑफ इंडिया और सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया ने भी रेपो दर में बढ़ोतरी के बाद अपनी ब्याज दरों में वृद्धि की घोषणा की है।

आरबीआई ने बुधवार को मुद्रास्फीति को नियंत्रित करने के लिए नीतिगत दर (रेपो) 0.40 प्रतिशत बढ़ाकर 4.40 प्रतिशत किये जाने की घोषणा की। इसके बाद बैंकों ने यह फैसला किया है।

ईबीएलआर दर में वृद्धि से ग्राहकों के लिए व्यक्तिगत ऋण, वाहन और आवास ऋण महंगे हो जाएंगे।

निजी क्षेत्र के आईसीआईसीआई बैंक ने कहा, "आईसीआईसीआई-ईबीएलआर में रेपो दर के साथ बदलाव किया जा रहा है। यह अब 8.10 प्रतिशत होगी। यह चार मई से लागू है।"

इसके अलावा सार्वजानिक क्षेत्र के बैंक ऑफ बड़ौदा ने भी बाह्य मानक दर आधारित ब्याज दर में संशोधन किया है।

उसने कहा, "खुदरा ऋण के लिए लागू बीआरएलएलआर (बड़ौदा रेपो लिंक्ड रेट) पांच मई, 2022 से 6.90 प्रतिशत कर दी गई है। इसमें आरबीआई की 4.40 प्रतिशत रेपो दर और 2.50 प्रतिशत ‘मार्कअप’ शामिल है।"

वहीं बैंक ऑफ इंडिया ने भी रेपो दर में वृद्धि के साथ अपनी आरबीएलआर को पांच मई, 2022 से बढ़ाकर 7.25 प्रतिशत कर दिया है।

सेंट्रल बैंक ने भी अपने आरबीएलआर में 0.40 प्रतिशत की वृद्धि की है और इसे 7.25 प्रतिशत कर दिया है। यह छह मई, 2022 से लागू होगी।

ईबीएलआर बाह्य मानक दर और कर्ज जोखिम प्रीमियम का जोड़ है।

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