देश की खबरें | छत्तीसगढ़ में अवैध धर्म परिवर्तन को रोकने के लिए नया सख्त कानून बनाया जाएगा : मुख्यमंत्री साय

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. (विजय जोशी और टिकेश्वर पटेल)

(विजय जोशी और टिकेश्वर पटेल)

रायपुर, चार मई छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने रविवार को कहा कि उनकी सरकार राज्य में आदिवासियों एवं अन्य लोगों के अवैध धर्म परिवर्तन को रोकने के लिए एक नया सख्त कानून लाएगी।

पीटीआई वीडियो को दिए एक साक्षात्कार में साय ने ऐसे आदिवासियों को अनुसूचित जनजाति की श्रेणी से हटाने की भी वकालत की, जो धर्म परिवर्तन करते हैं।

उन्होंने कहा कि इससे धर्म परिवर्तन को रोका जा सकेगा।

''मुख्यमंत्री ने कहा, ''भारत एक देश धर्मनिरपेक्ष देश है। एक व्यक्ति की आस्था और विश्वास के अनुसार उसके कोई भी धर्म अपनाए जाने में कोई दिक्कत नहीं है। लेकिन कुछ लोग शिक्षा और अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराने का लालच देकर और उन्हें भ्रमित कर उनका धर्म परिवर्तन करा रहे हैं, विशेष रूप से गरीबों का। मैं समझता हूं कि यह गलत है और यह नहीं होना चाहिए। यदि धर्मांतरण करने वाले ऐसे आदिवासियों को अनुसूचित जनजाति की सूची से बाहर कर दिया जाए तो यह रुक जाएगा।''

राज्य में अवैध धर्मांतरण के खिलाफ नया कानून बनाने संबंधी सवाल पर साय ने कहा, ''अवैध धर्मांतरण के खिलाफ छत्तीसगढ़ में कानून है। इसको और मजबूत करने की आवश्यकता है। हम अध्ययन कर रहे हैं कि अन्य प्रदेशों में किस तरह के कानून हैं। आने वाले समय में निश्चित रूप से हम कड़ा कानून बनाएंगे ताकि धर्मांतरण को रोका जा सके।''

उन्होंने यह नहीं बताया कि विधानसभा में इस संबंध में नया विधेयक कब पेश किया जाएगा।

कई आदिवासी समुदायों द्वारा सूची से बाहर करने की मांग पर मुख्यमंत्री ने कहा, "संविधान में प्रावधान है कि यदि अनुसूचित जाति (एससी) के लोग अन्य धर्म में धर्म परिवर्तन करते हैं, तो उन्हें संबंधित श्रेणी के तहत दिए जाने वाले लाभों से वंचित कर दिया जाता है।"

उन्होंने कहा, "लेकिन अनुसूचित जनजातियों (एसटी) के मामले में ऐसा नहीं है। यदि कोई आदिवासी किसी अन्य धर्म को अपना लेता है, तो उसे एसटी समुदाय को दिए जाने वाले लाभ और यहां तक ​​कि अल्पसंख्यकों को दिए जाने वाले लाभ भी मिलते रहते हैं।"

बस्तर और सरगुजा के आदिवासी सूची से बाहर किए जाने की मांग कर रहे हैं, जिसका मतलब है कि जो भी आदिवासी ईसाई या अन्य धर्म में धर्मांतरित हुए हैं, उनसे उनका अनुसूचित जनजाति का दर्जा छीन लिया जाए।

साय ने कहा "आदिवासी समाज द्वारा लगातार मांग (सूची से बाहर करने की) उठाई जा रही है। बिहार से कांग्रेस के सांसद रहे कार्तिक उरांव जी ने संसद में कहा था कि धर्मांतरित आदिवासियों को एसटी श्रेणी के तहत मिलने वाले लाभ नहीं मिलने चाहिए। मेरी जानकारी के अनुसार, इस संबंध में आदिवासी समाज की ओर से 250 से अधिक सांसदों ने संसद में आवेदन प्रस्तुत किए थे।

साय ने कहा कि आदिवासी समाज बैठकें आयोजित करके तथा हस्ताक्षर करके सूची से हटाने की मांग उठा रहा है।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

Share Now

संबंधित खबरें

NAM vs SCO, 3rd T20I Match Live Score Update: नामीबिया क्रिकेट ग्राउंड में नामीबिया बनाम स्कॉटलैंड के बीच खेला जा रहा है तीसरा टी20 मुकाबला, यहां देखें मैच का लाइव स्कोर अपडेट

RCB vs DC, IPL 2026 26th Match Scorecard: एम चिन्नास्वामी स्टेडियम में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु ने दिल्ली कैपिटल्स के सामने रखा 176 रनों का टारगेट, फिलिप साल्ट ने खेली दमदार पारी; यहां देखें पहली पारी का स्कोरकार्ड

SRH vs CSK, IPL 2026 27th Match Key Players To Watch Out: आज सनराइजर्स हैदराबाद बनाम चेन्नई सुपरकिंग्स के बीच होगा हाईवोल्टेज मुकाबला, इन स्टार खिलाड़ियों पर रहेंगी सबकी निगाहें

SRH vs CSK, IPL 2026 27th Match Stats In IPL: आईपीएल इतिहास में एक दूसरे के खिलाफ कुछ ऐसा रहा है सनराइजर्स हैदराबाद बनाम चेन्नई सुपरकिंग्स का प्रदर्शन, यहां देखें दोनों टीमों के आंकड़े