COVID-19 की वैक्सीन को सार्वजनिक वस्तुओं के रूप में मान्यता दी जानी चाहिए: विश्व स्वास्थ्य संगठन
विश्व स्वास्थ्य संगठन ने एक बार फिर अपनी बात को दोहराते हुए कहा कि पूरी दुनिया के लिए कोविड-19 संक्रमण की वैक्सीन को सार्वजनिक वस्तुओं के रूप में मान्यता दी जानी चाहिए और सभी देश इसमें योगदान करें. एक भी देश में खतरे की स्थिति में हम सभी जोखिम में पड़ जाएंगे.
जिनेवा, 23 मई: विश्व स्वास्थ्य संगठन (World Health Organization) ने एक बार फिर अपनी बात को दोहराते हुए कहा कि पूरी दुनिया के लिए कोविड-19 संक्रमण की वैक्सीन को सार्वजनिक वस्तुओं के रूप में मान्यता दी जानी चाहिए और सभी देश इसमें योगदान करें. डब्ल्यूएचओ डिपार्टमेंट ऑफ इम्यूनाइजेशन, वैक्सीन्स एंड बायोलॉजिकल्स की डायरेक्टर कैथरीन ओ'ब्रायन ने शुक्रवार को जिनेवा में एक संवाददाता सम्मेलन में कहा कि कोविड-19 की वैक्सीन्स को ग्लोबल पब्लिक हेल्थ गुड्स के रूप में मान्यता मिलनी चाहिए.
समाचार एजेंसी सिन्हुआ ने प्रेस कॉन्फ्रेंस के उनके बयान के हवाले से कहा, "हम रोगाणुओं व कीटाणुओं को अपनी सीमाओं को पार करने से नहीं रोक सकते हैं और इसीलिए पूरे विश्व की रक्षा के लिए इनकी वैक्सीन्स को सार्वजनिक वस्तुओं के रूप में मान्यता दी जानी चाहिए और इसके लिए सभी देशों को इसमें योगदान करने की आवश्यकता है."
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उन्होंने कहा, "महामारी सीमाओं को नहीं पहचानती है. भले ही एक देश अपने यहां बड़ी संख्या में लोगों वैक्सीन देने में सफलता प्राप्त कर लें फिर भी यह महामारी (कोविड-19 संक्रमण) सीमाओं को पार कर लेगी. एक भी देश में खतरे की स्थिति में हम सभी जोखिम में पड़ जाएंगे."
(The above story first appeared on LatestLY on May 23, 2020 10:51 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

