अमेरिकी मीडिया ने ट्रंप और पुतिन के बीच बातचीत होने का दावा किया
रूसी राष्ट्रपति के दफ्तर क्रेमलिन ने डॉनल्ड ट्रंप और व्लादिमीर पुतिन के बातचीत के बारे में अमेरिकी मीडिया में आ रही खबरों की पुष्टि नहीं की है.
रूसी राष्ट्रपति के दफ्तर क्रेमलिन ने डॉनल्ड ट्रंप और व्लादिमीर पुतिन के बातचीत के बारे में अमेरिकी मीडिया में आ रही खबरों की पुष्टि नहीं की है. उनका कहना है कि ना तो वो इस खबर की पुष्टि करेंगे ना ही इसे खारिज.ट्रंप ने इस वादे के साथ अमेरिकी राष्ट्रपति का पद संभाला था कि वह यूक्रेन युद्ध को तुरंत बंद कर देंगे. शनिवार देर शाम न्यू यॉर्क पोस्ट ने खबर दीकि ट्रंप ने उससे कहा है कि उन्होंने पुतिन से फोन पर बात की है. अखबार के मुताबिक दोनों नेताओं ने इस दौरान यूक्रेन में युद्ध खत्म करने पर बातचीत की है. अखबार ने ट्रंप के हवाले से लिखा है कि पुतिन, "लोगों को मरते देखना रोकना चाहते हैं." अखबार ने यह भी लिखा है कि ट्रंप ने कहा है कि दोनों नेता कब कब बात करते हैं इस बारे में उनका "कुछ नहीं कहना ही बेहतर" होगा.
न्यूयॉर्क पोस्ट का कहना है कि राष्ट्रपति के आधिकारिक विमान एयर फोर्स वन पर दिए एक इंटरव्यू में ट्रंप ने पुतिन से बातचीत की जानकारी दी है. अमेरिकी राष्ट्रपति के दफ्तर ने इस बारे में पूछे सवाल का कोई उत्तर नहीं दिया है.
क्रेमलिन के प्रवक्ता दमित्री पेस्कोव ने रूस की सरकारी समाचार एजेंसी तास को दी प्रतिक्रिया में कहा है कि वे बातचीत होने की ना तो पुष्टि कर सकते हैं ना ही इससे इनकार. प्रवक्ता ने कहा है, "इस खबर के बारे में मैं क्या कह सकता हूं? वाशिंगटन में प्रशासन अपने काम को विस्तार दे रहा है और कई अलग अलग बातचीत हो रही हैं. ये चर्चाएं कई चैनलों के जरिए होती हैं."
पेस्कोव ने यह भी कहा, "कई तरह के संवाद होने की वजह से, निजी तौर पर मैं कुछ चीजें नहीं जानता हूं, मुझे उनकी जानकारी नहीं होती. इसलिए इस मामले में ना तो मैं इसकी पुष्टि कर सकता ना ही इससे इनकार."
इससे पहले पेस्कोव कई बार ट्रंप और पुतिन के बीच बातचीत की खबरों से इनकार कर चुके हैं. हालांकि ये तब की बात है जब अमेरिकी राष्ट्रपति के तौर पर ट्रंप का दूसरा कार्यकाल शुरू नहीं हुआ था.
क्रेमिलिन से ना पुष्टि ना इनकार
क्रेमलिन का कहना है कि वह ट्रंप और पुतिन के बीच संभावित बातचीत के संकेतों का इंतजार कर रहा है. ट्रंप के नए प्रशासन ने अब तक इस बारे में कोई बातचीत नहीं की है. राष्ट्रपति ट्रंप और रूसी राष्ट्रपति पुतिन के बीच सीधी बातचीत 2022 की शुरुआत में होने की जानकारी मिली थी. तब दोनों नेताओं ने करीब एक घंटे बातचीत की थी. ट्रंप ने यूक्रेन युद्ध खत्म करने का वादा तो किया है लेकिन कभी यह नहीं बताया है कि वह यह कैसे करेंगे.
पूर्वी यूक्रेन में संघर्ष की शुरुआत 2014 में हुई थी. एक तरफ रूस समर्थित यूक्रेनी राष्ट्रपति को सत्ता से हटाया गया तो दूसरी तरफ रूस ने क्राइमिया को अपने साथ मिला लिया. इसी दौरान रूस समर्थित अलगाववादी यूक्रेन की सेना से लड़ने लगे.
2022 में पुतिन ने हजारों सैनिकों को यूक्रेन में लड़ने भेज दिया. पुतिन ने इसे विशेष सैन्य अभियान का नाम दिया था और इसका मकसद यूक्रेन में रहने वाले रूसी भाषा बोलने वालों की हिफाजत बताया. रूस का यह भी कहना था कि यूक्रेन के नाटो में शामिल होने की संभवाना से उसके लिए खतरा बढ़ गया है. यूक्रेन, उसके पश्चिमी सहयोगियों और अमेरिका ने कहा कि यह जमीन हड़पने का साम्राज्यवादी अंदाज है और रूसी सेना को हराने के लिए सभी एकजुट हो गए.
फिलहाल रूस यूक्रेन का करीब अमेरिकी राज्य वर्जीनिया के बराबर के हिस्से पर कब्जा कर चुका है. 2022 के शुरुआती दिनों के बाद एक बार फिर वह तेजी से आगे बढ़ रहा है.
ट्रंप और पुतिन की मुलाकात
ट्रंप ने बार बार कहा है कि वह युद्ध को खत्म करना चाहते हैं और इसके लिए पुतिन से मिल कर चर्चा करेंगे. हालांकि इस मुलाकात की तारीख और जगह अब तक सार्वजनिक नहीं की गई है. सऊदी अरब और यूएई को इन दोनों नेताओं की संभावित मुलाकात की जगह के रूप में देखा जाता है.
14 जून को पुतिन ने तुरंत युद्ध खत्म करने के लिए अपनी शुरुआती शर्तें तय की. इसमें यूक्रेन को अपनी नाटो सदस्यता का विचार त्यागने और उन चार इलाकों से पूरी तरह सेना वापस करने की बात है जिन पर रूस दावा करता है और जिनके बड़े हिस्से पर कब्जा रूस के हाथ में है.
समझौते के लिए ट्रंप से संभावित बातचीत की अटकलों पर क्रेमलिन बार बार सावधानी बरतने का आग्रह करता रहा है. रूसी संसद की अंतरराष्ट्रीय मामलों की कमेटी के प्रमुख लियोनिड स्लुत्स्की के हवाले से सरकारी समाचार एजेंसी आरआईए ने गुरुवार को कहा कि ऐसी मुलाकात के लिए तैयारियां "आगे के दौर में हैं" और यह मुलाकात फरवरी या मार्च में हो सकती है.
वॉशिंगटन पोस्ट के पत्रकार बॉब वुडवर्ड ने 2024 में लिखी अपनी किताब "वॉर" में लिखा है कि 2021 में सत्ता से बाहर होने के बाद ट्रंप ने कम से कम 7 बार पुतिन से सीधी बातचीत की है. क्रेमलिन ने वुडवार्ड की रिपोर्ट को खारिज किया था. हालांकि जब ट्रंप से एक इंटरव्यू के दौरान इस बारे में पूछा गया तो उन्होंने कहा, "अगर मैंने ऐसा किया है तो यह चतुराई है." ट्रंप ने न्यू यॉर्क पोस्ट से यह भी कहा है कि उनके, "पुतिन से हमेशा अच्छे रिश्ते रहे हैं" और उनके पास युद्ध खत्म करने की एक ठोस योजना है. हालांकि उन्होंने इसका ब्यौरा नहीं दिया.
शुक्रवार को ट्रंप ने कहा कि वह रूसी राष्ट्रपती वोलोदिमीर जेलेंस्की से अगले हफ्ते मुलाकात कर युद्ध खत्म करने पर बातचीत करेंगे.
एनआर/आरआर (एएफपी, रॉयटर्स)