Fact Check: क्या सरकार खरीद रही है पुराने नोट और सिक्के? पीएम मोदी के नाम से वायरल वीडियो का PIB ने खोला सच
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म फेसबुक पर 'किशन कुमार' नामक पेज द्वारा प्रसारित किए जा रहे कई वीडियोज में दावा किया जा रहा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पुराने, दुर्लभ नोटों और सिक्कों की खरीद के लिए एक नई सरकारी योजना शुरू की है. प्रेस सूचना ब्यूरो (PIB) की फैक्ट चेक यूनिट ने इस दावे की पड़ताल कर इसे पूरी तरह फर्जी और भ्रामक करार दिया है.
नई दिल्ली: सोशल मीडिया पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Prime Minister Narendra Modi) का एक वीडियो तेजी से प्रसारित हो रहा है, जिसमें उन्हें पुराने और दुर्लभ नोट व सिक्के खरीदने से जुड़ी एक विशेष सरकारी योजना की घोषणा करते हुए दिखाया गया है. इस वीडियो के आधार पर दावा किया जा रहा है कि सरकार आम नागरिकों से पुराने सिक्के और नोट खरीद रही है.
सरकारी एजेंसी प्रेस सूचना ब्यूरो (PIB) की फैक्ट चेक यूनिट ने इस वायरल दावे की जांच की है, जिसमें यह वीडियो पूरी तरह से फर्जी (Fake) और डीपफेक पाया गया है. यह भी पढ़ें: Fact Check: क्या जापान और भारत के बीच 5 करोड़ हिंदुओं को जापान में बसाने का हुआ समझौता? जानिए वायरल दावे की सच्चाई
फेसबुक पेज 'किशन कुमार' से फैलाया गया भ्रामक वीडियो
जांच के अनुसार, फेसबुक पर 'किशन कुमार' नामक पेज द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कई संपादित वीडियो साझा किए गए. इन वीडियो में दिखाया गया कि प्रधानमंत्री नागरिकों को अपने पुराने और एंटीक करेंसी नोट व सिक्के बेचने के लिए प्रोत्साहित कर रहे हैं.
इस तरह के सनसनीखेज और लुभावने वीडियो के जरिए सोशल मीडिया यूजर्स को यह विश्वास दिलाने का प्रयास किया गया कि केंद्र सरकार की देखरेख में पुराने सिक्कों की खरीद-बिक्री की आधिकारिक प्रक्रिया चल रही है.
PIB फैक्ट चेक का स्पष्टीकरण: AI डीपफेक का हुआ इस्तेमाल
पीआईबी फैक्ट चेक यूनिट ने आधिकारिक तौर पर स्पष्ट किया है कि भारत सरकार या प्रधानमंत्री द्वारा ऐसी किसी भी योजना की घोषणा नहीं की गई है:
"सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे ये सभी वीडियो पूरी तरह फर्जी हैं और इन्हें आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) व डीपफेक तकनीक की मदद से तैयार किया गया है. प्रधानमंत्री या केंद्र सरकार द्वारा पुराने नोट या सिक्के खरीदने की कोई योजना नहीं चलाई जा रही है. ऐसे भ्रामक और लुभावने दावों वाले वीडियो से सावधान रहें."
पीआईबी ने नागरिकों को सख्त हिदायत दी है कि वे ऐसे किसी भी संदिग्ध वीडियो या उससे जुड़े वेब लिंक को आगे साझा या फॉरवर्ड न करें, क्योंकि यह वित्तीय धोखाधड़ी (ऑनलाइन साइबर फ्रॉड) का जरिया हो सकता है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से ऐसी कोई घोषणा नहीं की गई है
#Facebook पेज 'Kishan Kumar' द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कई वीडियो शेयर किए जा रहे हैं, जिनमें पीएम को पुराने नोट और सिक्कों की खरीद से संबंधी घोषणा करते हुए दिखाया गया है।#PIBFactCheck
❌ ये सभी वीडियो #फर्जी हैं और AI तकनीक (डीपफेक) की मदद से बनाए गए हैं।
— PIB Fact Check (@PIBFactCheck) August 31, 2026
लुभावने दावों और साइबर ठगी से कैसे बचें?
इंटरनेट पर पुराने नोट और सिक्के लाखों रुपये में खरीदने के नाम पर अक्सर साइबर ठग सक्रिय रहते हैं:
- सत्यापन जरूरी: किसी भी सरकारी योजना की प्रमाणिकता जांचने के लिए केवल आधिकारिक सरकारी पोर्टलों (gov.in या संबंधित मंत्रालयों की वेबसाइट) पर ही भरोसा करें.
- संदिग्ध लिंक पर क्लिक न करें: यदि कोई व्यक्ति या पेज पुराने नोट खरीदने के बदले रजिस्ट्रेशन शुल्क या बैंक विवरण मांगता है, तो तुरंत सतर्क हो जाएं और साइबर हेल्पलाइन (1930) पर शिकायत दर्ज कराएं.
(The above story first appeared on LatestLY on Aug 31, 2026 07:11 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

