Vastu 2022: आपकी बगिया के ये 7 पेड़ आपके घर-परिवार को खुशहाल बना सकते हैं, जानें किस पेड़ को किस स्थिति में लगाना चाहिेए!
पौराणिक कथाओं के अनुसार सृष्टि की रचना करते समय भगवान ब्रह्मा ने सर्वप्रथम वृक्षों की रचना की थी. इसलिए हिंदू धर्म में सबसे ज्यादा वृक्षों का ही महत्व बताया गया है. ये पेड़-पौधों एवं अन्य वनस्पतियों से ही हमें जीवनोपयोगी वस्तुएं प्राप्त होती हैं. हमारा जीवन ज्यादातर पेड़-पौधों पर ही निर्भर रहता है, क्योंकि वृक्षों से हमें प्राण वायु एवं फल-फूल एवं खाने की वस्तुएं प्राप्त होती हैं.
पौराणिक कथाओं के अनुसार सृष्टि की रचना करते समय भगवान ब्रह्मा ने सर्वप्रथम वृक्षों की रचना की थी. इसलिए हिंदू धर्म में सबसे ज्यादा वृक्षों का ही महत्व बताया गया है. ये पेड़-पौधों एवं अन्य वनस्पतियों से ही हमें जीवनोपयोगी वस्तुएं प्राप्त होती हैं. हमारा जीवन ज्यादातर पेड़-पौधों पर ही निर्भर रहता है, क्योंकि वृक्षों से हमें प्राण वायु एवं फल-फूल एवं खाने की वस्तुएं प्राप्त होती हैं. हरे-भरे पेड़-पौधे खुशहाली का प्रतीक होने के साथ ही वातावरण को भी शुद्ध करते हैं, और पर्यावरण की रक्षा करते हैं. कुछ वृक्षों से हमें सकारात्मक ऊर्जा प्राप्त होती है, जो हमारे घर एवं पारिवारिक जीवन को नकारात्मक शक्तियों से बचाती हैं. यहां तक कि वास्तुशास्त्र में भी पेड़-पौधों का बहुत महत्व बताया गया है. हमारे वास्तुशास्त्री पंडित सुनील दवे कुछ ऐसे ही पेड़-पौधों का जिक्र कर रहे हैं, जिनका हमारे जीवन पर ना केवल सकारात्मक प्रभाव पड़ता है, बल्कि कुछ पेड़-पौधे तो हमारे घर-परिवार में सुख-समृद्धि का आधार भी बनते हैं.
अशोक का वृक्ष
अशोक वृक्ष का जिक्र रामायण में भी उल्लेखित है. पौराणिक ग्रंथों के अनुसार लंका के राजा रावण ने सीता जी को अशोक के विशाल वृक्ष के नीचे ही रखा था. वास्तुशास्त्र के अनुसार अगर अशोक का वृक्ष अगर घर के बाहर उत्तर दिशा में लगाएं तो घर में शुभता आती है. अशोक के पेड़ के रहते अशुभ एवं बुरी शक्तियां घर में प्रवेश नहीं करती. इंसान जीवन में निरंतर तरक्की करता है.
केले का पेड़
घर के सामने अथवा चारदीवारी के भीतर केले का पेड़ लगाना शुभ माना जाता है. बृहस्पति ग्रह का कारक होने के कारण केले का पेड़ ईशान कोण में लगाना चाहिए, और बेहतर परिणाम के लिए केले के पेड़ के पास एक तुलसी का पौधा लगा दें तो घर-परिवार पर कभी किसी तरह की समस्या नहीं आयेगी. कहा तो यहां तक जाता है कि ईशान कोण में लगे केले के पेड़ के पास बैठकर किसी कंपटीशन की तैयारी करें तो सफलता की गुंजाइश कई गुना बढ़ सकती है.
कमल का पौधा
कमल का पौधा पानी में उगता है. अगर घर के ईशान कोण में एक छोटा सा तालाब बनाकर अथवा मिट्टी का पॉण्ड बनाकर उसमें कमल के पौधा उगाया जाये तो उस घर में माँ लक्ष्मी का सदा वास रहता है, इस वजह से घर-परिवार के सामने कभी भी आर्थिक समस्या नहीं आती, व्यवसाय में तरक्की और घर में बीमारी नहीं आती.
बरगद का वृक्ष
वास्तु शास्त्र में बरगद के पेड़ का मिला-जुला परिणाम बताया गया है. अगर घर के पूर्व दिशा में 100 फीट की दूरी पर बरगद का एक वृक्ष लगाएं, तो यह आपके लिए शुभ परिणाम दे सकता है. इससे आपका पूरा जीवन सुख-समृद्धि के भरपूर साबित हो सकता है, लेकिन इस बात का भी ध्यान रखें कि घर के पश्चिम दिशा में बरगद नहीं होना चाहिए और ना ही इसकी छाया आपके घर पर पड़नी चाहिए, यह दुर्भाग्य को आमंत्रित करता है.
आंवले का पेड़
आंवले का पेड़ बहुत ही शुभ माना जाता है. हिंदू मान्यताओं के अनुसार इस वृक्ष पर भगवान शिव एवं भगवान विष्णु दोनों ही वास करते हैं. आंवले का पेड़ अपने बाग में लगाएं. इस पेड़ की उपस्थिति से अन्य अशुभ कहे जाने वाले वृक्षों की अशुभता नष्ट हो जाती है.
नारियल का वृक्ष
ज्योतिष शास्त्र की मान्यताओं के अनुसार नारियल का वृक्ष सकारात्मक ऊर्जा का केंद्र होता है. घर में अथवा बाग में एक नारियल का पेड़ अवश्य लगाना चाहिए. इस पेड़ को मंगल का प्रतीक भी बताया जाता है.
तुलसी का पौधा
तुलसी का पौधा वास्तु शास्त्र के अनुसार सर्वोत्तम पेड़ तो माना ही जाता है, साथ ही यह औषधि गुणों से भरपूर भी होता है. तुलसी का पौधा घर के पूर्व दिशा अथवा ईशान कोण में लगाना चाहिए. यह सकारात्मक ऊर्जा का प्रतीक भी मानते हैं. कहते हैं कि जिस घर में तुलसी का पेड़ होता है, वहां साक्षात लक्ष्मी का वास होता है.
(The above story first appeared on LatestLY on Apr 27, 2022 10:19 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

