Sex and Sleep Study: सोने से पहले सेक्स करने से रात में आती है सुकून भरी नींद, अध्ययन में हुआ खुलासा
सोने से पहले रात में सेक्स करने से पुरुषों और महिलाओं को सोने में लगने वाला समय कई मिनटों तक कम हो जाता है और नींद की गुणवत्ता में सुधार होता है. अध्ययन में खुलासा हुआ है कि रात में सेक्स करने और ऑर्गेज्म प्राप्त करने से सुकून भरी नींद आती है.
Sex and Sleep Study: हाल ही में जर्नल ऑफ स्लीप रिसर्च (Journal of Sleep Research) में प्रकाशित निष्कर्षों के अनुसार, पार्टनर के साथ सेक्स (Sex) करने से चरम सुख की प्राप्ति होती है. खासकर सोने से पहले रात में सेक्स करने से पुरुषों और महिलाओं को सोने में लगने वाला समय कई मिनटों तक कम हो जाता है और नींद की गुणवत्ता में सुधार होता है. अध्ययन में पाया गया कि बिना ऑर्गेज्म (Orgasm) के यौन गतिविधि (Sexual Activity) और हस्तमैथुन (Masturbation) (ऑर्गेज्म के साथ और बिना) नींद में बदलाव से जुड़े नहीं थे. अध्ययन लेखकों के अनुसार, वर्तमान अध्ययन के निष्कर्ष दर्शाते हैं कि यौन गतिविधि और अंतरंगता पुरुषों व महिलाओं को रात में जल्दी और सुकून भरी नींद लाने में मददगार साबित हो सकते हैं. यह भी पढ़ें: Watching Porn and Male Eating Disorders: पुरुषों में बढ़ रहे खाने के विकार का पोर्न से है कनेक्शन, अध्ययन में हुआ चौंकाने वाला खुलासा
नीदरलैंड में ग्रोनिंगन विश्वविद्यालय के वैज्ञानिकों ने 256 पुरुष और महिला प्रतिभागियों को शामिल किया, जिनमें ज्यादातर छात्र थे, जो 14 दिनों तक अपनी नींद और यौन गतिविधियों का विवरण देते हुए एक डायरी रखते हैं. शोध में शामिल लोगों में शराब का सेवन, मासिक धर्म और सोने से पहले होने वाली असामान्य घटनाओं को भी ध्यान में रखते हुए अध्ययन किया गया.
शोधकर्ताओं ने पाया कि जो लोग पार्टनरशिप में सेक्स करते हैं और ऑर्गेज्म प्राप्त करते हैं,उन्हें सोने में औसतन 16 मिनट लगते हैं, जबकि उन लोगों को 17 मिनट लगते हैं जिन्होंने सेक्स किया लेकिन ऑर्गेज्म प्राप्त नहीं किया था और उन लोगों को 20 मिनट लगे जिन्होंने सेक्स नहीं किया था. मास्टरबेशन करने वालों के लिए सोने का औसत समय 26 मिनट था. हस्मैथुन के दौरान अगर ऑर्गेज्म मिलता है तो नींद आने का समय घटकर 19 मिनट हो गया, जबकि हस्तमैथुन न करने वालों के लिए यह 20 मिनट था.
वैज्ञानिकों ने पाया कि ऑर्गेज्म के परिणामस्वरूप ऑक्सीटोसिन रिलीज होता है, जिसे ‘लव हार्मोन’ कहा जाता है. इसके साथ ही उन्होंने पाया कि स्तनों के विकास और दूध उत्पादन को बढ़ावा देने वाला प्रोलैक्टिन हार्मोन यौन और प्रजनन स्वास्थ्य को प्रभावित करता है. यह भी पढ़ें: Porn and Men Health Issues: पोर्न देखने की लत बेहद खतरनाक, इससे होती है गंभीर स्वास्थ्य समस्या, सर्वे में और भी चौकाने वाले खुलासे
अध्ययन लेखकों ने लिखा कि साझीदार सेक्स के बढ़ते प्रभाव को आंशिक रूप से इंटरकोर्स और ऑर्गेज्म के बाद बढ़े हुए न्यूरोएंडोक्राइन परिवर्तनों द्वारा समझाया जा सकता है, जो कि किसी साथी के साथ अंतरंगता का अनुभव करने के मूल्यवान प्रभावों के साथ होता है.
पिछले एक अध्ययन के अनुसार, एक बेहतरीन ऑर्गेज्म प्राप्त करना वास्तव में कुछ ऐसा हो सकता है, जो आपको अपने माता-पिता से विरासत में मिला है. लेकिन, दुर्भाग्य से 2020 में 10 में से चार अमेरिकियों ने खुलासा किया कि उन्हें वास्तव में कभी भी ऑर्गेज्म का अनुभव नहीं हुआ है.
(The above story first appeared on LatestLY on Jun 22, 2023 08:00 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

