जानिए उस कदंब के पेड़ के बारे में, जहां गोपियों के कपड़े चुराकर छिप जाते थे कन्हैया
देशभर में 2 सितंबर को जन्माष्टमी त्योहार मनाया जाने वाला है. लोग भगवान श्री कृष्ण के जन्मदिन को मनाने के लिए अपनी तैयारियां शुरु कर दिया है. हिंदू धर्म की मान्यताओं के अनुसार भगवान श्री कृष्ण का जन्म भादो मास के कृष्ण पक्ष की अष्टमी को मथुरा में हुआ था
नई दिल्ली: देशभर में 3 सितंबर को जन्माष्टमी त्योहार मनाया जाने वाला है. लोग भगवान श्री कृष्ण के जन्मदिन को मनाने के लिए अपनी तैयारियां शुरु कर दिया है. हिंदू धर्म की मान्यताओं के अनुसार भगवान श्री कृष्ण का जन्म भादो मास के कृष्ण पक्ष की अष्टमी को मथुरा में हुआ था. इसके बाद उनका लालन पालन वही पर हुआ. आज इसलिए पूरे मथुरा और वृंदावन के कण-कण में भगवान श्री कृष्ण का वास होता है.
मथुरा और वृंदावन में आज भी कई ऐसी जगहें हैं जिसका संबंध द्वापर युग से है ये सभी जगह भगवान श्री कृष्ण से जुड़ी हुई हैं. यहां पर एक है चीर घाट है. जिसके पास एक कदंब का पेड़ है. इस पेड़ को लेकर मान्यता है कि आज भी वह सालों पूराना पेड़ वहां पर मौजूद है. जिस पेड़ पर कन्हैया गोपियों के नहाने के दौरान उनके कपडों को चुराकर इस पेड़ पर छिप जाते थे. इस स्थान को आज भी देखने को लेकर लोगों की भीड़ उमड़ी होती हैं.
बता दें कि भगवान श्री कृष्ण के समय से विद्यमान यह कंदब का पेड़ आज भी वहां मौजूद है. भगवान श्री कृष्ण के चाहने वाले भक्त आज भी इस प्रचीन पेड़ का पूजा करके प्रसाद चढ़ातें है.
(The above story first appeared on LatestLY on Sep 03, 2018 12:40 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

