Kali Chaudas 2025 Wishes: काली चौदस के इन शानदार हिंदी Quotes, WhatsApp Messages, Facebook Greetings के जरिए दें शुभकामनाएं
काली चौदस की रात निशिथ काल में मां महाकाली की पूजा की जाती है. ऐसी मान्यता है कि काली चौदस पर मां पार्वती के काली स्वरूप की उपासना कर उनका आशीर्वाद लेने पर जीवन से सभी प्रकार की नकारात्मक ऊर्जा दूर होती है और शत्रुओं पर विजय की प्राप्ति होती है. ऐसे में इस अवसर पर आप इन हिंदी विशेज, कोट्स, वॉट्सऐप मैसेजेस, फेसबुक ग्रीटिंग्स के जरिए काली चौदस की शुभकामनाएं दे सकते हैं.
Kali Chaudas 2025 Wishes in Hindi: हिंदू धर्म में दिवाली (Diwali) को सबसे बड़ा त्योहार माना जाता है, जो पांच दिनों तक चलता है. पांच दिनों तक चलने वाले दिवाली उत्सव की शुरुआत धनतेरस से होती है और समापन भाई दूज के साथ होता है, जबकि कार्तिक मास की अमावस्या को दीपावली यानी लक्ष्मी पूजन का त्योहार मनाया जाता है. दीपावली से ठीक एक दिन पहले छोटी दिवाली (Chhoti Diwali) मनाई जाती है, जिसे नरक चतुर्दशी (Narak Chaturdashi), रूप चौदस (Roop Chaudas), भूत चतुर्दशी (Bhoot Chaturdashi) और काली चौदस (Kali Chaudas) के नाम से भी जाना जाता है. इस साल 19 अक्टूबर 2025 को छोटी दिवाली यानी काली चौदस का पर्व मनाया जा रहा है. काली चौदस के पर्व को पश्चिम बंगाल में मां काली के जन्मदिन के तौर पर मनाया जाता है. कहा जाता है कि दस महाविद्याओं में शुमार मां काली की पूजा करने से भक्तों को बुरी शक्तियों से लड़ने की ताकत मिलती है और मां स्वंय अपने भक्तों की रक्षा करती हैं.
काली चौदस की रात निशिथ काल में मां महाकाली की पूजा की जाती है. ऐसी मान्यता है कि काली चौदस पर मां पार्वती के काली स्वरूप की उपासना कर उनका आशीर्वाद लेने पर जीवन से सभी प्रकार की नकारात्मक ऊर्जा दूर होती है और शत्रुओं पर विजय की प्राप्ति होती है. ऐसे में इस अवसर पर आप इन हिंदी विशेज, कोट्स, वॉट्सऐप मैसेजेस, फेसबुक ग्रीटिंग्स के जरिए काली चौदस की शुभकामनाएं दे सकते हैं.





प्रचलित पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, मां काली को देवी पार्वती का ही उग्र स्वरूप माना जाता है. मां काली ने संसार की रक्षा करने के लिए कई असुरों का सर्वनाश किया है, इसलिए काली चौदस को बुराई पर अच्छाई की जीत के प्रतीक के तौर पर भी मनाया जाता है. मां काली को शक्ति और विनाश की देवी माना जाता है, जो सदैव बुराई का अंत करती हैं. यही वजह है कि इस दिन भक्त मां काली की पूजा करके उनसे बुरी शक्तियों और अधंकार से रक्षा करने की प्रार्थना करते हैं.
(The above story first appeared on LatestLY on Oct 18, 2025 03:30 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

