सुप्रीम कोर्ट में दायर याचिका में किया गया आग्रह, Whatsapp को नई निजता नीति वापस लेने का दिया जाए निर्देश
उच्चतम न्यायालय में एक याचिका दायर कर आग्रह किया गया है कि व्हाट्सऐप को इसकी नयी निजता नीति वापस लेने का निर्देश दिया जाना चाहिए. याचिकाकर्ता ने कहा है कि 8 फरवरी 2021 से प्रभाव में आने वाली व्हाट्सऐप की नयी निजता नीति से नागरिकों के निजता के मौलिक अधिकार पर बुरा असर पड़ेगा.
नयी दिल्ली, 17 जनवरी : उच्चतम न्यायालय (Supreme court) में एक याचिका दायर कर आग्रह किया गया है कि व्हाट्सऐप (Whatsapp) को इसकी नयी निजता नीति वापस लेने का निर्देश दिया जाना चाहिए. याचिका में कहा गया है कि संबंधित नीति कानूनों का उल्लंघन है तथा इससे देश की सुरक्षा पर असर पड़ सकता है. कन्फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स द्वारा दायर याचिका में केंद्र को मामले में हस्तक्षेप करने तथा व्हाट्सऐप और फेसबुक (Facebook) जैसी कंपनियों से संबंधित प्रौद्योगिकी का नियमन करने के वास्ते दिशा-निर्देश तय करने का निर्देश दिए जाने का भी आग्रह किया गया है.
अधिवक्ता विवेक नारायण शर्मा के माध्यम से दायर की गई याचिका में कहा गया है कि भारत के नागरिकों के निजता अधिकार तथा अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता की रक्षा करने में केंद्र द्वारा अपना संवैधानिक दायित्व और जिम्मेदारी निभाने में विफल होने के कारण जनहित याचिका आवश्यक हो गई थी.
याचिकाकर्ता ने कहा है कि 8 फरवरी 2021 से प्रभाव में आने वाली व्हाट्सऐप की नयी निजता नीति से नागरिकों के निजता के मौलिक अधिकार पर बुरा असर पड़ेगा. इस याचिका में केंद्र को यह निर्देश दिए जाने का भी आग्रह किया गया है कि वह व्हाट्सऐप, फेसबुक और फेसबुक इंडिया को लोगों का डेटा साझा करने से रोके.
(The above story first appeared on LatestLY on Jan 17, 2021 10:56 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

