Rajasthan Dust Storm: चूरू में रेतीले बवंडर का कहर, धूल के गुबार से थमी हाइवे की रफ्तार; जीरो विजिबिलिटी से जनजीवन प्रभावित (Watch Videos)
राजस्थान के चूरू जिले में सोमवार को एक भीषण धूल भरी आंधी ने भारी तबाही मचाई. तेज हवाओं और धूल के गुबार के कारण दृश्यता (विजिबिलिटी) शून्य के करीब पहुंच गई, जिससे राष्ट्रीय राजमार्गों पर यातायात पूरी तरह ठप हो गया. मौसम विभाग ने राज्य में प्री-मानसून गतिविधियों के तेज होने की चेतावनी जारी की है.
जयपुर/चूरू, 15 जून: राजस्थान (Rajasthan) के चूरू (Churu) जिले में सोमवार को अचानक मौसम का मिजाज बदल गया और एक विशाल धूल भरी आंधी (सैंडस्टॉर्म) ने पूरे इलाके को अपनी चपेट में ले लिया. इस भीषण रेतीले बवंडर के कारण प्रमुख राजमार्गों पर दृश्यता (विजिबिलिटी) घटकर शून्य के करीब पहुंच गई, जिससे यातायात पूरी तरह बाधित हो गया. क्षेत्र में चलीं तेज और धूल भरी हवाओं के कारण आसमान में धूल का ऐसा गुबार छा गया कि दिन के समय ही चारों तरफ अंधेरा जैसा माहौल बन गया. इसके चलते चालकों को अपने वाहनों को सड़कों के किनारे खड़ा करने पर मजबूर होना पड़ा. यह भी पढ़ें: Weather Forecast Today, 15 June 2026: दिल्ली और चेन्नई में बारिश की संभावना, मुंबई में उमस का असर; पढ़ें आज का मौसम पूर्वानुमान
पश्चिमी विक्षोभ और अरब सागर की नमी का असर
जयपुर स्थित भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के क्षेत्रीय केंद्र के अनुसार, यह तीव्र मौसमी बदलाव क्षेत्र की वायुमंडलीय स्थितियों में आए अचानक बड़े बदलाव का हिस्सा है. मौसम वैज्ञानिकों ने बताया कि एक सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) और अरब सागर से आ रही नमी के आपस में टकराने के कारण पिछले 48 घंटों से राजस्थान के विभिन्न हिस्सों में ऐसा उग्र मौसम देखा जा रहा है.
इस सिस्टम के प्रभाव से राज्य के कई हिस्सों में तेज धूल भरी आंधी के साथ-साथ गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश और वज्रपात की घटनाएं दर्ज की गई हैं.
राजस्थान के चुरू में धूल भरी आंधी से यातायात बाधित
इन जिलों में भी दिखा आंधी-बारिश का असर
चूरू के अलावा इस सक्रिय मौसमी सिस्टम का असर पूर्वी और पश्चिमी राजस्थान के कई अन्य जिलों में भी बड़े पैमाने पर देखने को मिला है. मौसम कार्यालय के मुताबिक:
- पूर्वी राजस्थान: अजमेर, कोटा, टोंक, दौसा और चित्तौड़गढ़ जैसे जिलों में तेज आंधी के साथ बिखरी हुई बारिश दर्ज की गई है.
- पश्चिमी राजस्थान: मरुस्थलीय क्षेत्र के कुछ छिटपुट हिस्सों में हल्की बौछारें पड़ने से तापमान में गिरावट आई है.
सोमवार को आई इस आंधी ने जहां एक तरफ सड़कों पर सफर करने वाले यात्रियों के लिए खतरनाक स्थिति पैदा कर दी और वाहनों की रफ्तार थाम दी, वहीं दूसरी तरफ मौसम अधिकारियों का कहना है कि यह सिस्टम राज्य में एक बड़े मौसमी बदलाव की शुरुआत है.
16 जून से तेज होंगी प्री-मानसून गतिविधियां
मौसम विभाग (IMD) द्वारा जारी ताजा पूर्वानुमान के अनुसार, 16 जून से राज्य में प्री-मानसून गतिविधियां काफी तेज होने की संभावना है. आगामी दिनों में गरज-चमक के साथ आंधी, आकाशीय बिजली चमकने और अत्यधिक तेज गति से हवाएं चलने का दौर बढ़ेगा.
हालांकि इन परिस्थितियों के कारण स्थानीय स्तर पर धूल भरी आंधी जैसी तात्कालिक परेशानियां सामने आ सकती हैं, लेकिन इसके बाद होने वाली लगातार बारिश से राजस्थान के लोगों को पिछले कई दिनों से सता रही भीषण गर्मी और उमस से काफी राहत मिलने की उम्मीद जताई जा रही है.