PM Modi Record: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बने देश के सबसे लंबे समय तक सेवा करने वाले 'निर्वाचित' पीएम; जानें जवाहरलाल नेहरू, इंदिरा गांधी और मनमोहन सिंह की रैंकिंग
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लोकतांत्रिक इतिहास में एक अभूतपूर्व मील का पत्थर स्थापित करते हुए भारत के सबसे लंबे समय तक सेवा करने वाले 'निर्वाचित' प्रधानमंत्री बनने का गौरव हासिल कर लिया है. उन्होंने 10 जून 2026 को कार्यालय में लगातार 4,399 दिन पूरे कर स्वतंत्र भारत के पहले प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू के निर्वाचित कार्यकाल के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया है. जानें इस ऐतिहासिक सूची में देश के अन्य पूर्व प्रधानमंत्रियों—इंदिरा गांधी, मनमोहन सिंह और राजीव गांधी की वर्तमान रैंकिंग क्या है.
नई दिल्ली, 10 जून: भारतीय राजनीति और लोकतांत्रिक इतिहास में आज एक बेहद ऐतिहासिक और युगांतकारी अध्याय जुड़ गया है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Prime Minister Narendra Modi) भारत के इतिहास में लगातार सबसे लंबे समय तक सेवा करने वाले 'निर्वाचित' प्रधानमंत्री ('Elected' Prime Minister) बन गए हैं. बुधवार, 10 जून 2026 को पीएम मोदी (PM Modi) ने देश के मुख्य कार्यकारी के रूप में लगातार 4,399 दिन पूरे कर लिए हैं, जिसके साथ ही उन्होंने स्वतंत्र भारत के पहले प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू (Pandit Jawaharlal Nehru) के छह दशक पुराने ऐतिहासिक रिकॉर्ड को आधिकारिक रूप से पीछे छोड़ दिया है. 26 मई 2014 को पहली बार देश के प्रधानमंत्री पद की शपथ लेने वाले नरेंद्र मोदी वर्तमान में लगातार तीसरी बार इस पद की कमान संभाल रहे हैं और केंद्र सरकार के शीर्ष पर उनके सफल 12 वर्ष पूरे हो चुके हैं. यह भी पढ़ें: PM Modi Record: नरेंद्र मोदी बने भारत के सबसे लंबे समय तक सेवा करने वाले 'निर्वाचित' प्रधानमंत्री; अमेरिकी सीनेटर और वैश्विक दिग्गजों ने दी बधाई
पंडित नेहरू का दशकों पुराना रिकॉर्ड टूटा; समझें दिनों का विधिक गणित
पंडित जवाहरलाल नेहरू ने वैसे तो देश के स्वतंत्र होने यानी 1947 से लेकर 1964 में अपने निधन तक प्रधानमंत्री के रूप में देश की सेवा की थी, लेकिन जब स्वतंत्र भारत के पहले आम चुनाव के बाद लोकतांत्रिक रूप से 'निर्वाचित' प्रधानमंत्री के निरंतर कार्यकाल की गणना की जाती है, तो पंडित नेहरू का निर्वाचित कार्यकाल 13 मई 1952 से शुरू होकर 27 मई 1964 तक कुल 4,398 दिनों का बैठता है.
बुधवार, 10 जून को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस पद पर लगातार 4,399 दिन पूरे कर इस कीर्तिमान को अपने नाम कर लिया है. इस ऐतिहासिक उपलब्धि को देखते हुए राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) के घटकों द्वारा विभिन्न कार्यक्रमों की रूपरेखा तैयार की जा रही है, वहीं वैश्विक मंचों से भी राष्ट्राध्यक्षों के बधाई संदेश नई दिल्ली पहुंच रहे हैं.
निरंतर निर्वाचित कार्यकाल: जानें देश के शीर्ष प्रधानमंत्रियों की ऐतिहासिक रैंकिंग
लगातार (Uninterrupted) निर्वाचित कार्यकाल के आधार पर भारत के सबसे लंबे समय तक सेवा करने वाले राजनेताओं की विधिक सूची और उनकी रैंकिंग इस प्रकार है:
1. नरेंद्र मोदी (प्रथम स्थान)
साल 2014 में देश की कमान संभालने के बाद वर्तमान में वे अपने लगातार तीसरे कार्यकाल का नेतृत्व कर रहे हैं. 4,399 से अधिक दिनों के निरंतर निर्वाचित कार्यकाल के साथ वे अब शीर्ष पर हैं. उनके इस 12 वर्षों के सफर को देश में व्यापक बुनियादी ढांचे (Infrastructure) के विस्तार, डिजिटल गवर्नेंस, युगांतकारी कल्याणकारी योजनाओं और वैश्विक मंच पर भारत के भू-राजनीतिक कद को सर्वोच्च शिखर पर ले जाने के लिए याद किया जाता है.
2. पंडित जवाहरलाल नेहरू (द्वितीय स्थान)
स्वतंत्र भारत के प्रथम प्रधानमंत्री पंडित नेहरू ने देश की लोकतांत्रिक संस्थाओं, विदेश नीति के बुनियादी ढांचे और नियोजित आर्थिक विकास मॉडल (पंचवर्षीय योजनाएं) की मजबूत नींव रखी थी. निर्वाचित प्रधानमंत्री के रूप में लगातार 4,398 दिनों तक पद पर बने रहने का उनका यह रिकॉर्ड पिछले छह दशकों से अटूट था, जो अब दूसरे स्थान पर आ गया है.
3. इंदिरा गांधी
इंदिरा गांधी भारत के इतिहास की सबसे प्रभावशाली और मजबूत प्रधानमंत्रियों में से एक रही हैं. उन्होंने 1971 में पाकिस्तान के साथ युद्ध, बांग्लादेश के ऐतिहासिक उदय और 1975 से 1977 के बीच लगे आपातकाल (Emergency) जैसे बेहद संवेदनशील दौर में देश का नेतृत्व किया था. यद्यपि विभिन्न कार्यकालों को मिलाकर प्रधानमंत्री के रूप में उनका कुल समय 15 वर्षों से अधिक का है, लेकिन 1977 के आम चुनावों में मिली हार के कारण उनका निरंतर (Consecutive) कार्यकाल बीच में बाधित हो गया था.
4. डॉ. मनमोहन सिंह
प्रख्यात अर्थशास्त्री डॉ. मनमोहन सिंह ने साल 2004 से 2014 के बीच संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन (UPA) सरकार के तहत लगातार दो पूर्ण कार्यकालों का सफलतापूर्वक नेतृत्व किया. 1990 के दशक में भारत के आर्थिक उदारीकरण (Economic Liberalization) के वास्तुकार माने जाने वाले डॉ. सिंह के 10 वर्षों के कार्यकाल में देश ने मजबूत जीडीपी विकास दर, कल्याणकारी अधिकारों के कानून और कई महत्वपूर्ण विधिक रणनीतिक संधियां देखीं. वे देश के उन गिने-चुने प्रधानमंत्रियों में शामिल हैं जिन्होंने पूरे 10 वर्ष का निरंतर कार्यकाल पूरा किया.
5. राजीव गांधी
साल 1984 में देश की कमान संभालने वाले राजीव गांधी भारत के इतिहास में सबसे कम उम्र के प्रधानमंत्री बने थे. उनके कार्यकाल को भारतीय अर्थव्यवस्था के आधुनिकीकरण, दूरसंचार (Telecommunication) क्रांति की शुरुआत और देश में प्रौद्योगिकी-संचालित (Technology-driven) शासन प्रणाली को बढ़ावा देने के लिए जाना जाता है. उन्होंने 1989 तक देश की सेवा की और उनके नाम भारतीय संसदीय इतिहास में अब तक का सबसे बड़ा चुनावी जनादेश (Electoral Mandate) हासिल करने का रिकॉर्ड दर्ज है.
समकालीन भारतीय राजनीति का एक ऐतिहासिक टर्निंग पॉइंट
मनोरंजन और राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार, पीएम मोदी का यह कार्यकाल राष्ट्रीय राजनीति में भारतीय जनता पार्टी (BJP) के एक प्रमुख और केंद्रीय शक्ति के रूप में उभरने के दौर का साक्षात प्रतीक है. लगातार तीन आम चुनावों में मिली ऐतिहासिक सफलताओं और पिछले 12 वर्षों में आए डिजिटल व ढांचागत नीतिगत बदलावों ने इस कीर्तिमान को और अधिक सुदृढ़ बना दिया है। नेहरू युग के बाद से अचल खड़े इस रिकॉर्ड का टूटना समकालीन भारतीय राजनीति के एक नए विज़नरी युग के टेकऑफ को रेखांकित करता है.