NCERT Class 9 Book: कक्षा 9 की एनसीईआरटी किताब में पहली बार जोड़ा गया 1975 का आपातकाल, भारतीय लोकतंत्र के लिए बताया बड़ी चुनौती

अध्याय में समाजवादी चिंतक और 'लोकनायक' के नाम से प्रसिद्ध जयप्रकाश नारायण की भूमिका का भी उल्लेख किया गया है. इसमें बताया गया है कि उनके नेतृत्व में बिहार और गुजरात समेत कई राज्यों में छात्रों और आम नागरिकों ने बड़े जनआंदोलन चलाए. पुस्तक के अनुसार, 1977 में आपातकाल समाप्त होने के बाद हुए आम चुनाव में तत्कालीन सरकार की हार ने भारतीय लोकतंत्र की मजबूती और जनता की लोकतांत्रिक शक्ति को साबित किया.

NCERT Class 9 Book: राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद (NCERT) ने पहली बार कक्षा 9 के सामाजिक विज्ञान (Social Science) के पाठ्यक्रम में 1975-77 के राष्ट्रीय आपातकाल (Emergency) को शामिल किया है. नई किताब 'Understanding Society: India and Beyond' में इस अवधि को भारतीय लोकतंत्र के सामने आई सबसे बड़ी चुनौतियों में से एक बताया गया है. यह बदलाव 25 जून 1975 को आपातकाल लागू किए जाने के 51 वर्ष पूरे होने के अवसर पर सामने आया है.

नई पाठ्यपुस्तक में आपातकाल का उल्लेख अध्याय 6 में किया गया है, जिसमें भारतीय लोकतंत्र की मजबूती और उसके सामने आने वाली चुनौतियों पर चर्चा की गई है. किताब के अनुसार, 1970 के दशक की शुरुआत में तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी के नेतृत्व वाली सरकार के खिलाफ लोगों में असंतोष बढ़ने लगा था. इसके पीछे बढ़ती बेरोजगारी, महंगाई और प्रशासनिक कुप्रबंधन के आरोप जैसे सामाजिक और आर्थिक कारण बताए गए हैं, जिनके चलते देशभर में विरोध प्रदर्शन तेज हुए.

पाठ्यपुस्तक में बताया गया है कि जून 1975 में "आंतरिक अशांति" (Internal Disturbance) के आधार पर राष्ट्रीय आपातकाल घोषित किया गया था, जो 21 महीने तक लागू रहा. इस दौरान अधिकांश मौलिक अधिकारों को निलंबित कर दिया गया, प्रेस पर कड़ी सेंसरशिप लागू की गई और कई विपक्षी नेताओं तथा सामाजिक कार्यकर्ताओं को जेल भेजा गया. किताब में कहा गया है कि इस अवधि में लोकतांत्रिक संस्थाओं पर गंभीर दबाव पड़ा और नागरिकों की सामान्य स्वतंत्रताएं काफी हद तक सीमित हो गई थीं.

अध्याय में समाजवादी चिंतक और 'लोकनायक' के नाम से प्रसिद्ध जयप्रकाश नारायण की भूमिका का भी उल्लेख किया गया है. इसमें बताया गया है कि उनके नेतृत्व में बिहार और गुजरात समेत कई राज्यों में छात्रों और आम नागरिकों ने बड़े जनआंदोलन चलाए. पुस्तक के अनुसार, 1977 में आपातकाल समाप्त होने के बाद हुए आम चुनाव में तत्कालीन सरकार की हार ने भारतीय लोकतंत्र की मजबूती और जनता की लोकतांत्रिक शक्ति को साबित किया.

यह बदलाव राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) 2020 के तहत स्कूली पाठ्यक्रम के आधुनिकीकरण का हिस्सा है. संशोधित कक्षा 9 की पुस्तक में आपातकाल के अलावा फेक न्यूज, गलत सूचना (Misinformation), क्षेत्रवाद, लैंगिक असमानता और सक्रिय नागरिकता जैसे समकालीन विषयों को भी शामिल किया गया है. साथ ही 'Democracy and You' नामक एक नया व्यावहारिक अनुभाग जोड़ा गया है, जिसका उद्देश्य छात्रों को लोकतंत्र और नागरिक भागीदारी से जोड़ना है.

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