मुंबई झीलों का जलस्तर आज: पानी संकट से राहत के संकेत, बारिश के चलते बांधों का जलस्तर बढ़कर 86.18% तक पहुंचा
झील क्षेत्रों में लगातार हो रही बारिश से पिछले 24 घंटों में ही कुल जल साठे में लगभग 2.5 प्रतिशत की भारी वृद्धि दर्ज की गई है
मुंबई: पिछले 24 घंटों में हुई मूसलाधार बारिश के चलते मुंबई (Mumbai) को पीने के पानी की आपूर्ति करने वाले सात प्रमुख जलाशयों का कुल जल स्तर तेजी से बढ़ा है. बृहन्मुंबई नगर निगम (BMC) द्वारा साझा की गई जानकारी के अनुसार, शनिवार 25 जुलाई सुबह 6 बजे से रविवार 26 जुलाई सुबह 6 बजे तक हुए जल भराव के बाद सात झीलों में कुल जल भंडार बढ़कर 86.18 प्रतिशत हो गया है.
झील क्षेत्रों में लगातार हो रही बारिश से पिछले 24 घंटों में ही कुल जल साठे में लगभग 2.5 प्रतिशत की भारी वृद्धि दर्ज की गई है. यह भी पढ़े: Mumbai Water Lake Update: मुंबईकरों के लिए बड़ी राहत, सातों झीलों में जलस्तर बढ़कर 61.90 फीसदी पहुंचा; जल्द खत्म हो सकती है 10% पानी की कटौती
मुंबई की झीलों का जल स्तर बढ़ा
मुंबई को पानी की आपूर्ति करने वाली 7 झीलें और वर्तमान स्थिति
मुंबई शहर और उपनगरों को सात प्रमुख झीलों से जल आपूर्ति की जाती है. इन झीलों के जलग्रहण क्षेत्रों (Catchment Areas) में हाल के दिनों में अच्छी बारिश दर्ज की गई है:
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मोदक सागर (Modak Sagar): लगातार बारिश के कारण यह झील ओवरफ्लो (छलक) हो चुकी है.
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तानसा (Tansa): यह झील भी अपनी पूर्ण क्षमता के करीब पहुंच चुकी है और जल स्तर में तेजी से सुधार हुआ है.
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तुलसी (Tulsi): मुंबई शहर की सीमाओं के भीतर स्थित यह छोटी झील इस मानसून में सबसे पहले ओवरफ्लो हुई थी.
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विहार (Vehar): संजय गांधी राष्ट्रीय उद्यान स्थित इस झील में भी पानी का स्तर बढ़ा है.
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अपर वैतरणा (Upper Vaitarna): नासिक जिले में स्थित इस बड़ी झील के जल स्तर में उल्लेखनीय बढ़ोतरी हुई है.
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मध्य वैतरणा (Middle Vaitarna): इस जलाशय में भी पर्याप्त पानी जमा हो चुका है.
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भातसा (Bhatsa): मुंबई को सबसे अधिक पानी की आपूर्ति करने वाली इस झील के जलग्रहण क्षेत्र में भारी बारिश से जल साठा मजबूत हुआ है.
मुंबईकरों को पानी की कटौती से जल्द मिल सकती है राहत
मानसून की शुरुआत में झीलों के कैचमेंट एरिया में कम बारिश होने के कारण बीएमसी ने एहतियातन मुंबई में 10 प्रतिशत पानी की कटौती लागू की थी. हालांकि, जुलाई के उत्तरार्ध में हुई मूसलाधार बारिश ने स्थिति को पूरी तरह बदल दिया है.
जलाशयों में जिस गति से पानी का स्तर बढ़ रहा है, उसे देखते हुए यह माना जा रहा है कि बीएमसी जल्द ही 10 प्रतिशत पानी की कटौती को पूरी तरह वापस लेने का फैसला ले सकती है. नगर निगम के जल निष्पादन विभाग के अधिकारी स्थिति की लगातार समीक्षा कर रहे हैं.
आगामी महीनों के लिए जल सुरक्षा की ओर कदम
बीएमसी के नियमों के अनुसार, 1 अक्टूबर तक मुंबई की सभी सात झीलों में कुल 14.47 लाख मिलियन लीटर (100%) पानी होना अनिवार्य है ताकि पूरे साल शहर को निर्बाध रूप से जल आपूर्ति की जा सके. वर्तमान में जल स्तर 86 प्रतिशत से ऊपर पहुंच जाना शहर के लिए एक सकारात्मक संकेत है.