Mumbai Local Train Shocker: मुंबई लोकल ट्रेन में यात्री से मारपीट का मामला, VIDEO वायरल होने के बाद दोनों किन्नर गिरफ्तार

Mumbai Local Train Shocker:  मुंबई की लाइफलाइन कही जाने वाली लोकल ट्रेन से एक हैरान करने वाली घटना सामने आई है. चलती ट्रेन में एक यात्री के साथ दो किन्नरों द्वारा मारपीट करने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद रेलवे सुरक्षा बल (RPF) और सरकारी रेलवे पुलिस (GRP) ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दोनों आरोपियों को हिरासत में ले लिया है.

यह मामला 19 जुलाई को उस समय सामने आया जब घटना का वीडियो इंटरनेट पर तेजी से शेयर किया जाने लगा. इसके बाद यात्रियों ने ट्रेनों में सुरक्षा को लेकर भारी आक्रोश जताया, जिसके जवाब में आरपीएफ ने मामले की जांच शुरू की.  यह भी पढ़े: Mumbai Local Train Fight: लोकल ट्रेन में महिलाओं के बीच हुई जमकर लड़ाई, एक दुसरे के बाल पकड़कर खींचे, वीडियो हुआ वायरल; VIDEO

माहिम और बांद्रा के बीच हुई मारपीट

पुलिस जांच और पूछताछ में सामने आया कि यह घटना चलती लोकल ट्रेन के सामान्य डिब्बे में माहिम और बांद्रा स्टेशनों के बीच घटी थी. पैसों के लेन-देन या मांग को लेकर हुई बहस के बाद बात हाथापाई तक पहुंच गई, जिसमें दोनों आरोपियों ने यात्री पर शारीरिक हमला कर दिया.

यात्री से मारपीट मामले में दोनों किन्नर गिरफ्तार

ट्रेन में मौजूद एक साथी यात्री ने इस पूरी घटना का वीडियो अपने कैमरे में कैद कर लिया, जो बाद में सोशल मीडिया पर वायरल हो गया.

दादर रेलवे स्टेशन से पकड़े गए आरोपी

वीडियो का संज्ञान लेते हुए आरपीएफ ने सीसीटीवी फुटेज खंगालना शुरू किया और प्रमुख स्टेशनों पर निगरानी बढ़ा दी. दादर सेंट्रल रेलवे स्टेशन पर संदिग्धों की पहचान की गई.

दोनों किन्नर गिरफ्तार

पूछताछ में आरोपियों ने ट्रेन के भीतर हुई मारपीट में अपनी संलिप्तता स्वीकार की. दादर में हिरासत में लिए जाने के बाद दोनों को आगे की कानूनी प्रक्रिया और मामला दर्ज करने के लिए जीआरपी (GRP) को सौंप दिया गया है.

लोकल ट्रेनों में सुरक्षा बढ़ाने की मांग

इस घटना के बाद से दैनिक रेल यात्रियों में भारी नाराजगी देखी जा रही है. यात्रियों ने मुंबई लोकल ट्रेनों में अनधिकृत प्रवेश, वसूली और यात्रियों से होने वाली बदसलूकी को रोकने के लिए सुरक्षा के कड़े इंतजाम करने की मांग की है.

रेलवे प्रशासन ने यात्रियों से अपील की है कि वे ट्रेन या स्टेशन परिसर में किसी भी प्रकार के उत्पीड़न या हिंसा की स्थिति में तुरंत रेलवे सुरक्षा हेल्पलाइन नंबरों या मौके पर मौजूद सुरक्षाकर्मियों को सूचित करें.