Khan Sir Firing Case: पटना की जिला अदालत से खान सर को बड़ी राहत, गिरफ्तारी पर लगी अंतरिम रोक

पटना की एक अदालत ने चर्चित शिक्षक और यूट्यूबर 'खान सर' (फैसल खान) की गिरफ्तारी पर अंतरिम रोक लगा दी है. यह मामला उनके कोचिंग संस्थान के बाहर हुई तोड़फोड़ और फायरिंग की घटना से जुड़ा है, जिसमें सुरक्षाकर्मियों ने खान सर के आदेश पर गोली चलाने का दावा किया था.

Khan Sir Firing Case: पटना की एक जिला अदालत ने मशहूर शिक्षक और यूट्यूबर फैसल खान, जिन्हें लोग 'खान सर' के नाम से जानते हैं, को बड़ी कानूनी राहत दी है. अदालत ने उनके कोचिंग संस्थान के बाहर हुई हिंसा और फायरिंग के मामले में उनकी गिरफ्तारी पर अंतरिम रोक लगा दी है. खान सर के वकील अरविंद कुमार महुआरी ने अदालत में अग्रिम जमानत याचिका दायर की थी. इस पर दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अदालत ने फैसला सुरक्षित रख लिया है और तब तक पुलिस कार्रवाई पर रोक लगा दी है.

सुरक्षा गार्ड्स के बयान के बाद बढ़ी थीं मुश्किलें

कदमकुआं इलाके में स्थित खान सर के संस्थान 'खान ग्लोबल स्टडीज' के बाहर 2 जून की रात को हिंसक झड़प हुई थी. इस घटना का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था, जिसमें संस्थान के दो निजी सुरक्षा गार्ड, प्रदीप कुमार और तालेबार सिंह, हवा में गोलियां चलाते हुए दिखाई दिए थे. पटना पुलिस ने दोनों गार्ड्स को गिरफ्तार कर लिया. पूछताछ के दौरान गार्ड्स ने दावा किया कि उन्होंने भीड़ को खदेड़ने के लिए खुद खान सर के सीधे आदेश पर फायरिंग की थी. इसके बाद पुलिस ने खान सर पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 109 (उकसाना) और आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज कर लिया था.  यह भी पढ़े:  Khan Sir Coaching Center Firing: पटना में खान सर के कोचिंग सेंटर पर हमला, फायरिंग में सुरक्षाकर्मी घायल; VIDEO

 

खान सर को बड़ी राहत

कोर्ट में बचाव पक्ष की दलीलें

खान सर के वकील ने अदालत के सामने तर्क दिया कि उनके मुवक्किल के खिलाफ दर्ज की गई प्राथमिकी (FIR) पूरी तरह से राजनीति से प्रेरित है. इसका मुख्य उद्देश्य खान सर की लोकप्रियता और प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचाना है. बचाव पक्ष ने कहा कि इस विवाद या फायरिंग में खान सर की कोई सीधी भूमिका नहीं थी और उन्हें इस मामले में झूठा फंसाया गया है. वकील ने यह भी तर्क दिया कि हमलावर भीड़ से बचने के लिए सुरक्षा गार्ड्स ने आत्मरक्षा (Self-Defence) में कदम उठाया होगा.

कोचिंग संस्थानों के बीच व्यावसायिक प्रतिद्वंद्विता

पुलिस जांच में यह बात सामने आई है कि यह पूरा विवाद पटना के दो बड़े कोचिंग संस्थानों के बीच चल रही पुरानी व्यावसायिक प्रतिद्वंद्विता का नतीजा है. 2 जून की रात को करीब 15 से 20 लोगों की भीड़ ने खान सर के संस्थान पर हमला किया था, तोड़फोड़ की थी और पोस्टर्स फाड़ दिए थे. खान सर की शिकायत पर पुलिस ने प्रतिद्वंद्वी 'ज्ञान बिंदु कोचिंग इंस्टीट्यूट' के निदेशक रौशन आनंद और उनके कुछ सहयोगियों को पहले ही गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है. क्षेत्र में कम फीस मॉडल और छात्रों की सफलता के दावों को लेकर दोनों संस्थानों में लंबे समय से तनाव चल रहा था

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