Ketan Agarwal Murder Case: इंसाफ के लिए मां ने पीएम नरेंद्र मोदी को लिखा भावुक पत्र, कहा- 'बेटे के साथ मेरी पूरी दुनिया चली गई' (Watch Video)
केतन अग्रवाल (Photo Credits: Facebook)

पुणे/नई दिल्ली: महाराष्ट्र (Maharashtra) के पुणे (Pune) में स्थित लोहगढ़ किले (Lohagad Fort) के पास हुई 26 वर्षीय रियलटर केतन अग्रवाल (Ketan Agarwal) की कथित हत्या के मामले में एक बड़ा और भावुक मोड़ सामने आया है. केतन की मां राखी अग्रवाल ने अपने बेटे के लिए न्याय की मांग करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखा है. ईमेल के जरिए भेजे गए इस पत्र में उन्होंने प्रधानमंत्री से व्यक्तिगत हस्तक्षेप करने और मामले की त्वरित जांच व अदालती सुनवाई सुनिश्चित करने का आग्रह किया है. इस दुखद घटना को पुलिस ने शुरुआती जांच के बाद 'हादसे में हुई मौत' से बदलकर 'सोची-समझी हत्या' (मर्डर) की श्रेणी में पुनर्वर्गीकृत किया है. अपनी चिट्ठी में मां ने लिखा है कि इस क्रूर हत्याकांड के बाद उनकी "पूरी दुनिया ही उजड़ गई है."

प्रधानमंत्री को लिखे अपने पत्र में राखी अग्रवाल ने एक पीड़ित मां के गहरे दर्द को बयां किया है. उन्होंने लिखा कि उन्होंने कभी नहीं सोचा था कि उन्हें अपने ही बेटे के न्याय के लिए देश के प्रधानमंत्री को पत्र लिखना पड़ेगा. यह भी पढ़ें: Ketan Agarwal Murder Case: परिस्थितिजन्य साक्ष्य मजबूत, लेकिन चश्मदीद न होने से अदालत में दोषसिद्धि साबित करना पुलिस के लिए बड़ी चुनौती

राखी अग्रवाल ने पत्र में लिखा:

"हर मां की तरह, मैंने भी केतन को एक खूबसूरत जिंदगी बनाते, शादी करते और हमारे साथ बूढ़ा होते देखने का सपना देखा था. इसके विपरीत, मुझे अपने बच्चे का अंतिम संस्कार करना पड़ा. मेरे बेटे की बेरहमी से हत्या कर दी गई, और उसके साथ ही 'मेरी पूरी दुनिया चली गई'. हमारे घर का हर कोना मुझे उसकी याद दिलाता है. उसका कमरा, उसके कपड़े, उसकी तस्वीरें और उसके हंसने की जगह पसरा सन्नाटा मुझे रोज़ याद दिलाता है कि वह कभी वापस नहीं आएगा."

दोहरे सदमे से बिखरा अग्रवाल परिवार

अग्रवाल परिवार पिछले कुछ समय से लगातार ऐसे दुखों का सामना कर रहा है जिसने उनके मानसिक आघात को और गहरा कर दिया है. केतन की मौत के महज 20 दिन बाद ही उनके दादा देवीचंद अग्रवाल का भी निधन हो गया. वे अपने पोते की मौत के सदमे और गम को बर्दाश्त नहीं कर पाए थे.

इस प्रकार परिवार ने कुछ ही दिनों के भीतर अपनी दो पीढ़ियों को खो दिया. इससे पहले, 10 जुलाई को केतन के पिता विशाल अग्रवाल ने भी देश की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू को पत्र लिखकर इस मामले में तेजी से जांच करने और समय पर न्याय दिलाने की गुहार लगाई थी.

राखी अग्रवाल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर अपने बेटे केतन अग्रवाल के लिए न्याय की मांग की

दुर्घटना नहीं, मंगेतर और उसके प्रेमी ने रची थी हत्या की साजिश

केतन अग्रवाल की मौत 18 जून 2026 को लोहगढ़ किले में ट्रेकिंग के दौरान हुई थी. शुरुआत में आरोपी पक्ष द्वारा इसे पहाड़ी से दुर्घटनावश गिरना बताया गया था. हालांकि, लोनावला पुलिस की गहन तफ्तीश, सीसीटीवी (CCTV) फुटेज, मोबाइल लोकेशन डेटा और डिजिटल फॉरेंसिक विश्लेषण के बाद चौंकाने वाला खुलासा हुआ.

पुलिस ने हत्या की साजिश रचने के आरोप में केतन की मंगेतर सिया गोयल और उसके कथित प्रेमी चेतन बाबूलाल चौधरी को गिरफ्तार किया है. मामले की गंभीरता को देखते हुए महाराष्ट्र सरकार ने राज्यसभा सांसद और वरिष्ठ अधिवक्ता उज्ज्वल निकम को इस केस में विशेष लोक अभियोजक (Special Public Prosecutor) नियुक्त किया है, और मामले की सुनवाई फास्ट-ट्रैक कोर्ट में स्थानांतरित की जा रही है.

"बेटा, मां अभी भी तेरे लिए लड़ रही है"

एक भावुक वीडियो संदेश में राखी अग्रवाल अपने दिवंगत बेटे की तस्वीर को थामे हुए न्याय की भीख मांगती नजर आ रही हैं. उन्होंने रोते हुए कहा कि अगले महीने रक्षाबंधन का त्योहार है, लेकिन उनकी बेटी अब किसकी कलाई पर राखी बांधेगी?

वीडियो के अंत में उन्होंने प्रधानमंत्री और देश की जनता से अपील करते हुए कहा:

"मैं कोई विशेष रियायत नहीं मांग रही हूं, बस एक मां होने के नाते जवाबदेही और इंसाफ चाहती हूं. कृपया केतन को केवल एक केस फाइल बनकर मत रहने दीजिए. हर रात मैं उसकी तस्वीर को देखती हूं और कहती हूं—'बेटा, मां अभी भी तेरे लिए लड़ रही है'. मैं बस भगवान से यही प्रार्थना करती हूं कि एक दिन मैं उसकी तस्वीर से कह सकूं—'बेटा तुझे इंसाफ मिल गया'. कृपया मेरे बेटे को न्याय दिलाने में मदद करें."