Baliya News: यूपी के बलिया में अवैध वसूली का भंडाफोड़, थानाध्यक्ष सहित 18 पुलिसकर्मी सस्पेंड, एसपी-एएसपी हुए ट्रांसफर
बिहार-बलिया बॉर्डर के नरही थाना क्षेत्र में ट्रकों से अवैध वसूली में संलिप्त पुलिसकर्मियों के खिलाफ बलिया में बड़ी कार्रवाई हुई है. एडीजी वाराणसी और डीआईजी आजमगढ़ की संयुक्त टीमों ने छापामार कर बलिया के थाना नरही अंतर्गत भरौली तिराहा पर अवैध वसूली के संगठित गिरोह का पर्दाफाश किया है.
Baliya News: बिहार-बलिया बॉर्डर के नरही थाना क्षेत्र में ट्रकों से अवैध वसूली में संलिप्त पुलिसकर्मियों के खिलाफ बलिया में बड़ी कार्रवाई हुई है. एडीजी वाराणसी और डीआईजी आजमगढ़ की संयुक्त टीमों ने छापामार कर बलिया के थाना नरही अंतर्गत भरौली तिराहा पर अवैध वसूली के संगठित गिरोह का पर्दाफाश किया है. मामले में पुलिसकर्मियों की संलिप्तता उजागर हुई है. तत्काल कार्रवाई करते हुए संबंधित थानाध्यक्ष नरही एवं चौकी प्रभारी कोरंटाडीह सहित तीन उपनिरीक्षक, तीन मुख्य आरक्षी, 10 आरक्षी तथा एक आरक्षी चालक को निलंबित किया गया है. बलिया एसपी देव रंजन वर्मा और एएसपी दुर्गा शंकर तिवारी का ट्रांसफर कर उनको वेटिंग लिस्ट में डाल दिया गया है.
इसके साथ ही सीओ सदर शुभ शुचित को निलंबित कर दिया गया है. नरही थानाध्यक्ष और कोरंटाडीह पुलिस चौकी इंचार्ज के खिलाफ उनकी संपत्ति के संबंध में राज्य सरकार ने जांच के आदेश दिए हैं.
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छापेमारी के दौरान तीन पुलिसकर्मी भाग गए, जबकि दो पुलिसकर्मी सहित 16 दलालों को गिरफ्तार किया गया है. निलंबित पुलिसकर्मियों के आवास को सील करते हुए सभी के विरुद्ध मुकदमा भी पंजीकृत किया गया है. आजमगढ़ डीआईजी वैभव कृष्ण ने बताया, "नरही क्षेत्र, यूपी-बिहार के बॉर्डर के अंतर्गत एक तिराहे पर काफी समय से ट्रक से अवैध वसूली की सूचना मिल रही थी. इसमें कुछ पुलिसकर्मी की संलिप्तता की खबरें भी आ रही थी. उच्चस्तरीय निर्देश पर बुधवार रात एडीजी जोन वाराणसी और मेरे द्वारा सादे वस्त्र में इसकी रेकी की गई और फिर सुनियोजित तरीके से रेड की गई. इसमें काफी लोगों की गिरफ्तारी हुई है, जिसमें दो पुलिसकर्मी भी शामिल हैं, जबकि तीन अन्य मौके से भाग गए."
उन्होंने आगे बताया कि भरौली तिराहे के आगे एक पुलिस चौकी से भी अवैध वसूली की जा रही थी. थाना प्रभारी नरही समेत पूरी चौकी को निलंबित कर दिया गया है और उनके खिलाफ एफआईआर भी दर्ज की गई है. डीआईजी ने बताया कि छापेमारी में 37,500 रुपये और 14 मोटरसाइकिल, 25 मोबाइल फोन तथा दो नोट बुक बरामद हुई है. इन दो नोट बुक में विगत रात्रि एवं उससे पूर्व के कई दिन एवं रात्रियों में पास कराये गये ट्रकों का विवरण अंकित हैं. ऐसे तथ्य सामने आए हैं कि ये लोग प्रतिवाहन 500 रुपये वसूलते थे और एक दिन में करीब एक हजार वाहनों से वसूली करते थे. जिन ट्रकों से वसूली की जाती थी, उनमें बालू, मिट्टी और कोयला होता था. ये सभी ट्रक बिहार से आते थे.
रेड बुधवार रात करीब 1.30 बजे हुई. वाराणसी एवं आजमगढ़ से कुल पांच टीमें भरौली तिराहे पर पहुंची, जहां ट्रकों से पुलिसकर्मियों द्वारा की जा रही वसूली की सूचना सही पाई गई. मौके से आरक्षी हरदयाल सिंह गिरफ्तार हुआ जबकि मुख्य आरक्षी विष्णु यादव और आरक्षी दीपक मिश्रा तथा आरक्षी बलराम सिंह भाग गए. पुलिस कर्मियों द्वारा निजी व्यक्तियों का दलाल के रूप में इस्तेमाल कर वसूली की जा रही थी. छापेमारी में 16 दलाल भी पकड़े गए. प्रकरण में कुल कार्रवाई थानाध्यक्ष नरही उपनिरिक्षक पन्नेलाल, चौकी प्रभारी कोरण्टाडीह राजेश कुमार प्रभाकर सहित सात पुलिसकर्मी (मुख्य आरक्षी हरिदयाल सिंह, मुख्य आरक्षी विष्णु यादव, आरक्षी सतीश गुप्ता, आरक्षी दीपक मिश्रा, आरक्षी बलराम सिंह एवं 16 दलालों के विरुद्ध मुकदमा लिखा गया है. उपरोक्त मुकदमें में दो पुलिसकर्मी आरक्षी हरिदयाल सिंह थाना नरही, आरक्षी सतीश गुप्ता चौकी कोरण्टाडीह एवं 16 दलाल गिरफ्तार किए गए. प्रथम दृष्टया दोषी पाये जाने पर थानाध्यक्ष नरही पन्नेलाल और चौकी प्रभारी कोरंटाडीह राजेश कुमार प्रभाकर को निलम्बित किया गया है.
(The above story first appeared on LatestLY on Jul 25, 2024 11:31 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

