Chennai News: चेन्नई के वेलाचेरी में सड़क पर महिला से छेड़खानी का मामला, नशेड़ी ट्रैफिक इंस्पेक्टर गिरफ्तार
चेन्नई के वेलाचेरी इलाके में पति के साथ टहल रही महिला से छेड़खानी के आरोप में रानीपेट जिले के ट्रैफिक इंस्पेक्टर मणिकंदन (मनिमारन) को गिरफ्तार किया गया है. पुलिस के अनुसार आरोपी वारदात के समय शराब के नशे में था, जिसके खिलाफ विभागीय कार्रवाई भी शुरू कर दी गई है.
Chennai News: तमिलनाडु की राजधानी चेन्नई के वेलाचेरी क्षेत्र में एक ट्रैफिक पुलिस इंस्पेक्टर द्वारा महिला के साथ यौन उत्पीड़न का मामला सामने आया है. पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी पुलिस अधिकारी को गिरफ्तार कर लिया है. आरोपी की पहचान रानीपेट जिले की ट्रैफिक एनफोर्समेंट विंग में तैनात इंस्पेक्टर मनिमारन के रूप में हुई है.
घटना के समय आरोपी अधिकारी अत्यधिक शराब के नशे में था. पीड़िता की शिकायत और शुरुआती जांच के बाद पुलिस ने आरोपी के खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज कर कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है. यह भी पढ़े: Anantapur: नशे में धुत युवक ने की छेड़खानी, लोगों ने पकड़ा और महिला ने चप्पल से पीटा, आंध्र प्रदेश के अनंतपुर जिले का वीडियो आया सामने; VIDEO
वेलाचेरी में रविवार रात की घटना
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, यह घटना रविवार रात की है जब पीड़िता अपने पति के साथ वेलाचेरी इलाके की सड़क पर टहल रही थी. उसी दौरान आरोपी इंस्पेक्टर अपने परिचित के साथ मोटरसाइकिल पर वहां से गुजर रहा था.
बाइक पर पीछे बैठे आरोपी ने सड़क पर पैदल चल रही महिला के साथ बदसलूकी की और गलत तरीके से छूकर मौके से भागने का प्रयास किया. महिला द्वारा शोर मचाने पर उसके पति और आसपास के लोगों ने बाइक को रोकने की कोशिश की, जहां आरोपी ने खुद को पुलिस अधिकारी बताकर बहस की और फिर फरार हो गया.
सीसीटीवी और वाहन नंबर से हुई पहचान
घटना के तुरंत बाद पीड़ित दंपति ने वेलाचेरी पुलिस स्टेशन पहुंचकर मामले की लिखित शिकायत दर्ज कराई. पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए इलाके के सीसीटीवी फुटेज खंगाले और मोटरसाइकिल के रजिस्ट्रेशन नंबर के आधार पर आरोपी की पहचान की.
मंगलवार को वेलाचेरी पुलिस ने आरोपी इंस्पेक्टर मनिमारन को हिरासत में ले लिया. मेडिकल जांच और पूछताछ के बाद उसे अदालत में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है.
विभागीय कार्रवाई और आगे की जांच जारी
पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि आरोपी के खिलाफ आपराधिक धाराओं में मामला दर्ज करने के साथ ही विभागीय जांच (Departmental Action) भी शुरू कर दी गई है.
सेवारत पुलिस अधिकारी द्वारा इस तरह की हरकत किए जाने से पुलिस विभाग की साख पर सवाल खड़े हुए हैं. प्रशासन का कहना है कि कानून के समक्ष सभी समान हैं और जांच में दोषी पाए जाने पर आरोपी के खिलाफ नियमानुसार सख्त से सख्त विभागीय व कानूनी कार्रवाई की जाएगी.