पुलवामा आत्मघाती हमले का मनाया जश्न, पांच साल की हुई जेल और इतना लगा जुर्माना
यहां की एक विशेष अदालत ने सोमवार को भारतीय अर्धसैनिक बलों के काफिले पर 2019 में पुलवामा में हुए आत्मघाती हमले का जश्न मनाने वाले इंजीनियरिंग के एक छात्र को पांच साल की कैद और 10,000 रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई.
बेंगलुरु, 1 नवंबर : यहां की एक विशेष अदालत ने सोमवार को भारतीय अर्धसैनिक बलों के काफिले पर 2019 में पुलवामा में हुए आत्मघाती हमले का जश्न मनाने वाले इंजीनियरिंग के एक छात्र को पांच साल की कैद और 10,000 रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई. बेंगलुरु के एक प्रतिष्ठित कॉलेज में इलेक्ट्रॉनिक्स एंड कम्युनिकेशन के तीसरे सेमेस्टर के छात्र फैज रशीद ने जघन्य आत्मघाती आतंकवादी हमले का समर्थन किया था, और इसके बारे में सोशल मीडिया पर भी टिप्पणी कर देश की संप्रभुता और अखंडता को चुनौती दी थी.
उसके संदेशों का उद्देश्य सांप्रदायिक दरार पैदा करना भी था. उसके संदेशों से सार्वजनिक आक्रोश पैदा होने के बाद बेंगलुरु में बनासवाड़ी पुलिस ने उसके खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की. पुलिस ने उस पर भारतीय दंड संहिता और गैरकानूनी गतिविधि (रोकथाम) अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत आरोप लगाए हैं और मामले को आगे की जांच के लिए सीसीबी की विशेष इकाई को स्थानांतरित कर दिया गया है. यह भी पढ़ें : MP: लगातार भौंकने से नाराज होकर कुत्ते की चाकू घोंपकर हत्या, दो गिरफ्तार
आरोपी को गिरफ्तार करने के बाद उसका मोबाइल जब्त कर लिया गया और फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (एफएसएल) से रिपोर्ट ली गई. चार्जशीट स्पेशल एनआईए कोर्ट में पेश की गई. गिरफ्तारी के दिन से ही उसे न्यायिक हिरासत में रखा गया था. पुलवामा हमला 14 फरवरी, 2019 को हुआ था, जब जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग पर भारतीय सुरक्षा कर्मियों को ले जा रहे वाहनों के काफिले पर एक वाहन सवार आत्मघाती हमलावर ने हमला किया था, जिसमें 40 कर्मियों की मौत हो गई थी.
(The above story first appeared on LatestLY on Nov 01, 2022 10:12 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

