पोलावरम पर बयान के लिए भाजपा ने आंध्र प्रदेश के सीएम पर साधा निशाना
भाजपा ने आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री वाई. एस. जगन मोहन रेड्डी के इस बयान पर निशाना साधा है कि केंद्र ने पोलावरम परियोजना के तहत राहत और पुनर्वास पैकेज के लिए राज्य को अभी तक धन जारी नहीं किया है.
अमरावती, 28 जुलाई : भाजपा ने आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री वाई. एस. जगन मोहन रेड्डी के इस बयान पर निशाना साधा है कि केंद्र ने पोलावरम परियोजना के तहत राहत और पुनर्वास पैकेज के लिए राज्य को अभी तक धन जारी नहीं किया है. भाजपा के राज्य महासचिव विष्णुवर्धन रेड्डी ने गुरुवार को मुख्यमंत्री के बुधवार को बाढ़ प्रभावित इलाकों के दौरे के दौरान की गई टिप्पणी को गलत करार दिया. भाजपा नेता ने जानना चाहा कि वाईएसआर कांग्रेस पार्टी (वाईएसआरसीपी) के सांसद चुप क्यों थे, जब केंद्र ने संसद को बताया था कि राज्य को जारी करने के लिए कोई धन नहीं है. विष्णुवर्धन रेड्डी ने कहा कि राज्य सरकार परियोजना से विस्थापितों के लिए घर बनाने में विफल रही, हालांकि केंद्र ने इसके लिए धन मुहैया कराया.
विष्णुवर्धन रेड्डी ने यह भी याद किया कि वाईएसआरसीपी ने विस्थापितों के लिए गांव विकसित करने का वादा किया था और आरोप लगाया कि राज्य सरकार घर बनाने में भी विफल रही. उन्होंने कहा कि परियोजना के वे घटक, जिनसे बड़ा राजस्व प्राप्त होता है, ठेकेदारों को दे दिए गए. भाजपा नेता ने यह भी टिप्पणी की कि क्षेत्रीय दल राज्यों के लिए अभिशाप बन गए हैं. उन्होंने आरोप लगाया कि वोट बैंक की राजनीति राज्य के विकास को हवा में उड़ा रही है. मुख्यमंत्री ने बुधवार को कहा था कि उनकी सरकार फंड हासिल करने के लिए केंद्र से एक लड़ाई लड़ रही है. उन्होंने कहा कि उन्होंने दिल्ली को पत्र लिखा है और उच्च अधिकारियों के साथ हर बैठक में इस मुद्दे पर चर्चा की है. यह भी पढ़ें : “Rashtrapatni” Controversy: महिला आयोग ने अधीर रंजन चौधरी को भेजा नोटिस, कार्रवाई के लिए सोनिया गांधी को भी लिखा पत्र
मुख्यमंत्री ने यह बात अल्लूरी सीतारामाराजू और एलुरु जिलों के बाढ़ प्रभावित गांवों के दौरे के दौरान कही. दोनों जिलों के पोलावरम में डूबे गांवों के अपने दौरे के दौरान मुख्यमंत्री ने ग्रामीणों को आश्वासन दिया कि पोलावरम परियोजना में पानी प्रत्येक परिवार को मुआवजा देने और आर एंड आर पूरा करने के बाद ही पूर्ण जलाशय स्तर (एफआरएल) पर संग्रहीत किया जाएगा. उन्होंने यह भी कहा कि आर एंड आर पैकेज केंद्र द्वारा प्रदान किया जाना चाहिए, क्योंकि इसकी लागत 20,000 करोड़ रुपये से अधिक है, जो राज्य सरकार की क्षमता से परे है.
हालांकि, उन्होंने परियोजना विस्थापितों को आश्वासन दिया कि यदि केंद्र सरकार राशि जारी करने में विफल रहती है तो राज्य सरकार परियोजना विस्थापितों को मुआवजा देगी. मुख्यमंत्री ने खुलासा किया कि केंद्र पर राज्य के आर एंड आर कार्यों के लिए 2,900 करोड़ रुपये का बकाया है. उन्होंने कहा कि पोलावरम में पानी पहले 41.15 मीटर तक भरा जाएगा, क्योंकि केंद्रीय जल आयोग सुरक्षा उपायों के कारण शुरू में बांध को पूरी क्षमता से भरने की मंजूरी नहीं देगा. तीन साल बाद ही बांध पूरी तरह से भर जाएगा और तब तक, सभी को मुआवजा दिया जाएगा, उन्होंने कहा कि आर एंड आर पूरा करने के बाद ही पानी पूरी क्षमता से संग्रहित किया जाएगा.
(The above story first appeared on LatestLY on Jul 28, 2022 04:11 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

