Bihar: बिहार में गर्ल्स हॉस्टल और लॉज के लिए सख्त दिशा-निर्देश जारी, सुरक्षा और सम्मान पर जोर
हॉस्टलों में पर्याप्त रोशनी, साफ-सफाई की बेहतर व्यवस्था, मजबूत दरवाजे-ताले और खिड़कियों में लोहे की जाली लगाना भी अनिवार्य किया गया है. हॉस्टल में आने-जाने वाले हर व्यक्ति का नाम, मोबाइल नंबर और आधार नंबर विजिटर रजिस्टर में दर्ज करना होगा. कमरों वाले हिस्से में पुरुषों के प्रवेश पर पूरी तरह प्रतिबंध रहेगा. वहीं, रात के समय छात्राओं और स्टाफ की उपस्थिति सुनिश्चित करने के लिए बायोमेट्रिक सिस्टम लगाने पर भी जोर दिया गया है.
पटना, 4 फरवरी: बिहार में छात्राओं और कामकाजी महिलाओं की सुरक्षा को लेकर सरकार ने बड़ा कदम उठाया है. राज्यभर में चल रहे सभी गर्ल्स हॉस्टल और लॉज के लिए नए दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं. इन निर्देशों के तहत अब हर गर्ल्स हॉस्टल और लॉज का पंजीकरण अनिवार्य कर दिया गया है. साथ ही, महिलाओं को समान अवसर और सम्मान के साथ सुरक्षित जीवन देने पर विशेष जोर दिया गया है. Patna Girls Hostel Scandal: नाबालिग छात्राओं के ‘रेट’ तय करने का आरोप, भुगतान बाद में लेने की बात सामने आई
नए नियमों के अनुसार, सभी गर्ल्स हॉस्टल और लॉज में 24 घंटे महिला वार्डन की नियुक्ति अनिवार्य होगी. इसके अलावा वार्डन, गार्ड, रसोइया और सफाईकर्मी समेत सभी कर्मचारियों का पुलिस सत्यापन कराना जरूरी होगा. सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए हॉस्टल के मुख्य गेट, गलियारों, डायनिंग एरिया और पूरे परिसर में सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे, जिनकी रिकॉर्डिंग कम से कम 30 दिनों तक सुरक्षित रखनी होगी.
हॉस्टलों में पर्याप्त रोशनी, साफ-सफाई की बेहतर व्यवस्था, मजबूत दरवाजे-ताले और खिड़कियों में लोहे की जाली लगाना भी अनिवार्य किया गया है. हॉस्टल में आने-जाने वाले हर व्यक्ति का नाम, मोबाइल नंबर और आधार नंबर विजिटर रजिस्टर में दर्ज करना होगा. कमरों वाले हिस्से में पुरुषों के प्रवेश पर पूरी तरह प्रतिबंध रहेगा. वहीं, रात के समय छात्राओं और स्टाफ की उपस्थिति सुनिश्चित करने के लिए बायोमेट्रिक सिस्टम लगाने पर भी जोर दिया गया है.
आपात स्थिति से निपटने के लिए हॉस्टलों में 112 नंबर, स्थानीय थाना, महिला हेल्प डेस्क और अभया ब्रिगेड से जुड़ी जानकारी वाले पोस्टर लगाए जाएंगे. छात्राओं को 112 इंडिया ऐप के सुरक्षा फीचर्स के इस्तेमाल की ट्रेनिंग भी दी जाएगी.
सुरक्षा की निगरानी के लिए पुलिस, महिला हेल्प डेस्क और अभया ब्रिगेड संयुक्त रूप से हॉस्टलों की नियमित जांच करेंगे. किसी भी संदिग्ध या आपराधिक गतिविधि की सूचना मिलने पर तत्काल कार्रवाई की जाएगी. प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि बच्चियों और महिलाओं की सुरक्षा से कोई समझौता नहीं किया जाएगा और दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन कराया जाएगा.
(The above story first appeared on LatestLY on Feb 04, 2026 08:05 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

