तृणमूल कांग्रेस का एक और विधायक भाजपा में शामिल, छह और के शामिल होने की संभावना
तृणमूल कांग्रेस के एक और विधायक मोनिरूल इस्लाम बुधवार को भाजपा में शामिल हो गए जिससे पार्टी को एक और झटका लगा है. लोकसभा चुनाव में भाजपा की जीत के बाद पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस विधायकों एवं नेताओं का पाला बदलने का सिलसिला जारी है....
तृणमूल कांग्रेस के एक और विधायक मोनिरूल इस्लाम बुधवार को भाजपा में शामिल हो गए जिससे पार्टी को एक और झटका लगा है. लोकसभा चुनाव में भाजपा की जीत के बाद पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस विधायकों एवं नेताओं का पाला बदलने का सिलसिला जारी है. मंगलवार को भी तृणमूल के दो विधायक और 50 से अधिक पार्षद भाजपा में शामिल हो गए थे. तृणमूल कांग्रेस के मुस्लिम विधायक के भगवा पार्टी में शामिल होने को भाजपा प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नारे ‘‘सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास’’ को समर्थन के रूप में देख रही है. मोदी ने लोकसभा चुनाव परिणाम घोषित होने के बाद भाजपा के नेतृत्व वाले राजग गठबंधन के सांसदों को संबोधित करते हुए यह नारा दिया था. इस्लाम के अलावा पूर्व विधायक गदाधर हाजरा समेत तृणमूल कांग्रेस के कुछ अन्य नेता भी भाजपा नेताओं मुकुल रॉय और कैलाश विजयवर्गीय की मौजूदगी में भगवा पार्टी में शामिल हुए.
तृणमूल कांग्रेस के पूर्व नेता मुकुल रॉय ने इस घटनाक्रम को ‘‘बहुत महत्वपूर्ण’’ करार दिया और कहा कि यह अल्पसंख्यकों के विश्वास को जीतने के लिए पार्टी से किए गए मोदी के आह्वान को दर्शाता है.
इस्लाम द्वारा दिए गए कुछ विवादित बयानों जिसमें उन्होंने कथित रूप से हिंसा का समर्थन किया था, के बारे में पूछे जाने पर विजयवर्गीय ने कहा कि भाजपा हिंसा के किसी भी रूप का समर्थन नहीं करती है और एक नेता के पार्टी में शामिल होने के बाद इस तरह के विचारों के लिए कोई जगह नहीं है. यह पूछे जाने पर कि मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होने से इंकार किया है, विजयवर्गीय ने कहा कि वह नहीं आने का बहाना ढूंढ रही थीं और वह उनको मिल गया है. इस बीच पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने 30 मई को नरेन्द्र मोदी एवं उनके मंत्रिपरिषद के शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होने की रजामंदी देने के बाद बुधवार को समारोह में हिस्सा लेने से इंकार कर दिया है. ममता बनर्जी ने अपने ट्वीट में कहा, ‘‘ मेरी योजना थी कि समारोह में जाऊंगी लेकिन मैं मीडिया रिपोर्ट देख रही हूं जिसमें भाजपा दावा कर रही है कि बंगाल में हुई राजनीतिक हिंसा में 54 लोग मारे गए. यह झूठ है. बंगाल में कोई राजनीतिक हत्या नहीं हुई है. ये हत्याएं आपसी रंजिश, पारिवारिक झगड़े एवं अन्य विवाद के कारण हुई है. ये राजनीति से जुड़े मामले नहीं है. हमारे पास ऐसा कोई रिकार्ड नहीं है. इसलिए मुझे खेद है नरेन्द्र मोदी जी कि मैं समारोह में शामिल नहीं हो पाऊंगी.’’
भाजपा नेताओं ने दावा किया कि आने वाले दिनों में तृणमूल कांग्रेस के और विधायक पार्टी में शामिल होंगे. इस्लाम ने पत्रकारों से कहा कि अल्पसंख्यक अब मोदी के विकास एजेंडे के कारण उनका ‘‘समर्थन’’ कर रहे हैं. मुकुल रॉय के पुत्र शुभ्रांशू राय समेत तीन विधायक और माकपा के देवेन्द्र नाथ रॉय मंगलवार को भाजपा में शामिल हो गए थे. इस बीच कोलकाता में भाजपा सूत्रों ने दावा किया कि तृणमूल कांग्रेस के छह और विधायकों - दक्षिण बंगाल से चार और उत्तर बंगाल से दो- के पार्टी के कुछ पूर्व सांसदों समेत अगले कुछ दिनों में पार्टी में शामिल होने की संभावना है. भाजपा के एक वरिष्ठ नेता ने बताया, ‘‘तृणमूल के छह विधायकों के जल्द ही भाजपा में शामिल होने की संभावना है. विभिन्न नगरपालिकाओं के और पार्षद भी इस कतार में है. बस इंतजार करें और देखें.’’ भाजपा ने लोकसभा चुनाव में 18 सीटें जीती जबकि तृणमूल कांग्रेस की सीटों की संख्या घटकर 22 पर आ गई.
तृणमूल कांग्रेस ने एक ट्वीट में कहा, ‘‘तृणमूल का एक निलंबित विधायक कल भाजपा में शामिल हुआ. अन्य कांग्रेस और माकपा से थे. पार्षदों की संख्या छह थी. उन्हें ऐसा करने के लिए बंदूक की नोक पर मजबूर किया गया था.’’
तृणमूल कांग्रेस नेतृत्व ने भाजपा पर खरीद फरोख्त में शामिल होने का आरोप लगाया था. हालांकि भाजपा ने इस आरोप को खारिज किया था. भाजपा के इससे पहले 294 सदस्यीय पश्चिम बंगाल विधानसभा में केवल तीन विधायक थे.
(The above story first appeared on LatestLY on May 29, 2019 09:31 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

