Ankita Bhandari Murder Case: रिजॉर्ट का वीआईपी कौन था, अब एसटीएफ खंगाल रही घटना के दिन सक्रिय मोबाइलों की कुंडली
अंकिता भंडारी हत्याकांड मामले में अब एसटीएफ वीआईपी का पता लगाने में जुटी गई है. एसटीएफ अब घटना के दिन सक्रिय मोबाइलों की कुंडली खंगाल रही है.
देहरादून/ऋषिकेश, 3 अक्टूबर : अंकिता भंडारी हत्याकांड मामले में अब एसटीएफ वीआईपी का पता लगाने में जुटी गई है. एसटीएफ अब घटना के दिन सक्रिय मोबाइलों की कुंडली खंगाल रही है. अंकिता भंडारी की हत्या के रोज घटनास्थल यानी चीला नहर के पास और वनन्तरा रिसॉर्ट में कितने लोग मौजूद रहे. इस बात की तह तक जाने के लिए एसआइटी की ओर से एसटीएफ की टीम को यहां लगाया गया है. दो दिन से टीम यहां डेरा डाले हुए हैं.
कई मोबाइल नंबर टीम के राडार पर: एक्टिव मोबाइल आइडी को स्कैन करने के दौरान कई मोबाइल नंबर टीम के राडार पर आए हैं. अब इन नंबरों की स्क्रूटनी करने के बाद अंकिता और तीनों आरोपित के अतिरिक्त इनके साथ मौजूद शख्स का पता लगाया जाएगा. एसआइटी प्रमुख डीआइजी पी रेणुका देवी इस मिशन को पल-पल मॉनिटर कर रही हैं. भाजपा के निष्कासित नेता विनोद आर्या के पुत्र पुलकित आर्या के वनन्तरा रिसॉर्ट सहित चीला नहर के पास जहां अंकिता भंडारी को नहर में हत्या कर फेंका गया था. यह दोनों ही स्थान मुख्य रूप से एसटीएफ की सर्विलांस टीम के टारगेट में है. बीते शुक्रवार को सर्विलांस एक्सपोर्ट की टीम ने वनन्तरा रिसॉर्ट में कई घंटे वहां सक्रिय रहे मोबाइल नंबर को सर्च किया था. अंकिता की हत्या के रोज, उससे पहले और उसके बाद संबंधित क्षेत्र में सक्रिय रहे मोबाइल नंबर को सर्विलांस टीम सर्च कर रही है. शनिवार को टीम का टारगेट नहर का वह इलाका रहा जहां वारदात हुई थी. अंकित भंडारी के हत्यारों को कड़ी से कड़ी सजा दिलाने के लिए एसआइटी कोई कसर नहीं छोड़ रही है. यह भी पढ़ें : Gujarat: पुलिस वैन-बाइक की टक्कर में लड़के की मौत, दूसरा घायल
एसआइटी हर पहलू की बड़ी बारीकी से जांच कर रही है और हर सबूत एकत्र करने में जुटी है. ताकि अंकिता को न्याय दिलाने में मदद मिल सके. इसी कड़ी में शनिवार को एसआइटी शनिवार दोपहर बाद साइबर एक्सपर्ट टीम के साथ घटनास्थल चीला नहर पर पहुंची. वारदात के वक्त एक्टिव मोबाइल आइडी को स्कैन करने की कोशिश की गई. सक्रिय रहे मोबाइल नंबरों को स्कैन करने में सफल रही टीम साइबर एक्सपर्ट की मदद से एसआइटी यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि हत्या के वक्त क्या घटनास्थल पर चार ही लोग थे. या फिर कोई अन्य शख्स वारदात के दौरान इनके साथ था.
जानकारी के मुताबिक दो दिनों में सर्विलांस टीम यहां सक्रिय रहे मोबाइल नंबरों को स्कैन करने में सफल रही है. अब यह देखा जा रहा है कि जहां अंकिता की हत्या हुई थी और रिसॉर्ट में वारदात के रोज ऐसे कौन से मोबाइल नंबर हैं जो कॉमन हैं. अंकिता हत्याकांड के रोज रिसॉर्ट में वीआइपी मेहमानों के स्पेशल ट्रीटमेंट के लिए अंकिता को मजबूर किए जाने के बात भी यह दौरान सामने आई थी. एसटीएफ की सर्विलांस टीम के एक्सपर्ट यह भी पता लगा रहे हैं कि ऐसे कौन वीआइपी थे. जिनके मोबाइल उस रोज यहां एक्टिव पाए गए.
(The above story first appeared on LatestLY on Oct 03, 2022 02:33 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

