नए साल पर इलाहाबाद हाईकोर्ट का बड़ा तोहफा, अब हिंदी में भी मिलेंगी आदेशों की प्रतियां
नए साल के मौके पर इलाहाबाद हाईकोर्ट ने हिंदी भाषी प्रदेश के लोगों को बेहद ही नायाब तोहफा दिया है. जनवरी 2019 से उच्च न्यायालय के आदेश को पढ़ने के लिए अंग्रेजी जानने की अनिवार्यता नहीं रहेगी.
नए साल के मौके पर इलाहाबाद हाईकोर्ट (Allahabad High Court) ने हिंदी भाषी प्रदेश के लोगों को बेहद ही नायाब तोहफा दिया है. जनवरी 2019 से उच्च न्यायालय के आदेश को पढ़ने के लिए अंग्रेजी जानने की अनिवार्यता नहीं रहेगी, इन आदेशों की हिंदी (Hindi) भाषा में प्रतियां उपलब्ध कराई जाएगी. हिंदी भाषा में हाईकोर्ट का आदेश हासिल करने के लिए आपको आवेदन देना होगा, जिसके बाद अनुवादक द्वारा अंग्रेजी के आदेश को हिंदी में रूपांतरित कर आदेश की सत्यापित प्रतिलिपि दी जाएगी. आवेदन के बाद नियत शुल्क पर आदेश का हिंदी अनुवाद दिया जाएगा.
हिंदी भाषी लोगों की सुविधा के लिए यह कदम उठाया गया है, ताकि अंग्रेजी की बेहतर समझ न रखने वाले लोग कोर्ट के आदेश को आसानी से समझ सकें. इससे हिंदी भाषियों को कोर्ट के आदेश को समझने में आसानी होगी. बता दें कि इलाहाबाद हाईकोर्ट के आदेश को हिंदी में उपलब्ध कराने के लिए पिछले वर्ष से ही प्रयास शुरू किया गया था. इसके लिए दो बार बैठक भी आयोजित की जा चुकी थी.
सोमवार को इस संबंध में वरिष्ठ न्यायाधीशों की प्रशासनिक कमेटी की पुनः बैठक बुलाई गई, जिसमें इलाहाबाद हाईकोर्ट के आदेश को हिंदी में भी उपलब्ध कराने के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई. बैठक में यह निर्णय लिया गया कि जो भी हिंदी में आदेश की कॉपी चाहेगा वह आवेदन करेगा और उसे अनुवादक द्वारा हिंदी में सत्यापित प्रतिलिपि उपलब्ध कराई जाएगी.
(The above story first appeared on LatestLY on Dec 25, 2018 03:01 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

