विदेश की खबरें | ब्रिटेन: भारतीय उच्चायोग अवैध वीजा दिलाने के प्रकरण की जांच कर रहा

Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on world at LatestLY हिन्दी. भारतीय उच्चायोग ने यहां कहा कि वह भारत की यात्रा के लिए वीजा दिलाने के वास्ते अनधिकृत एजेंट द्वारा अवैध शुल्क वसूले जाने की खबरों की जांच कर रहा है।

श्रीलंका के प्रधानमंत्री दिनेश गुणवर्धने

लंदन, आठ अक्टूबर भारतीय उच्चायोग ने यहां कहा कि वह भारत की यात्रा के लिए वीजा दिलाने के वास्ते अनधिकृत एजेंट द्वारा अवैध शुल्क वसूले जाने की खबरों की जांच कर रहा है।

खबरों में कहा गया है कि भारत के लिए पर्यटन वीजा हासिल करने में ब्रिटेन के लोगों को काफी मशक्कत करनी पड़ रही है।

ब्रिटिश यात्री समय पर वीजा की प्रक्रिया नहीं पूरी होने की शिकायत कर रहे हैं। इस बीच, भारतीय उच्चायोग ने यात्रियों को शुक्रवार को इस गड़बड़ी के प्रति आगाह किया और कहा कि वह प्रक्रिया को सुव्यवस्थित करने के लिए काम कर रहा है।

इसने ब्रिटिश मीडिया के एक वर्ग में किये गये उन दावों को भी खारिज कर दिया, जिनमें कहा गया था कि अचानक वीजा नियमों में बदलाव कर दिया गया है जिससे ब्रिटिश पर्यटक प्रभावित हुए हैं। साथ ही, कहा कि वीजा के आवेदकों से सदा ही उच्चायोग के लंदन स्थित आउटसोर्स वीएफएस ग्लोबल केंद्रों में खुद अर्जी देने की उम्मीद की जाती है।

उच्चायोग ने बयान में कहा, ‘‘हमारे संज्ञान में यह आया है कि अनधिकृत एजेंट और व्यक्ति अवैध रूप से शुल्क वसूल रहे हैं वीएफएस केंद्रों में जमा करने के लिए वीजा आवेदन एकत्र कर रहे हैं। ऐसा कर वे आवेदकों को गुमराह कर रहे हैं। ’’

बयान में कहा गया है, ‘‘इस विषय की जांच की जा रही है।’’ उच्चायोग ने जोर देते हुए कहा कि ब्रिटेन में भारतीय पासपोर्ट/वीजा और राजनयिक सहायता के लिए वीएफएस ग्लोबल सर्विसेज एकमात्र अधिकृत आउटसोर्सिंग सेवा प्रदाता है।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)

Share Now

\