देश की खबरें | दो से अधिक आग्नेयास्त्र रखने वाले राइफल संघों के पदाधिकारियों के खिलाफ कदम उठाए जाएं: गृह मंत्रालय
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. केंद्रीय गृह मंत्रालय ने राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों को राइफल संघों तथा क्लब के उन पदाधिकारियों के खिलाफ तत्काल कदम उठाने का निर्देश दिया है, जिनके पास कानून के विपरीत दो से अधिक आग्नेयास्त्र हैं। इसने यह सुनिश्चित करने को भी कहा है कि अतिरिक्त हथियार तत्काल निकटतम थाने में जमा होने चाहिए।
नयी दिल्ली, तीन जुलाई केंद्रीय गृह मंत्रालय ने राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों को राइफल संघों तथा क्लब के उन पदाधिकारियों के खिलाफ तत्काल कदम उठाने का निर्देश दिया है, जिनके पास कानून के विपरीत दो से अधिक आग्नेयास्त्र हैं। इसने यह सुनिश्चित करने को भी कहा है कि अतिरिक्त हथियार तत्काल निकटतम थाने में जमा होने चाहिए।
मंत्रालय ने सभी राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों के मुख्य सचिवों को भेजे पत्र में कहा कि शस्त्र (संशोधन) अधिनियम, 2019 के अनुसार, जिनके पास दो से अधिक आग्नेयास्त्र हैं, उन्हें अतिरिक्त हथियार निकटतम थाने के प्रभारी अधिकारी को जमा करने होंगे।
गृह मंत्रालय ने फरवरी 2020 की अधिसूचना के माध्यम से खिलाड़ियों को कानून के इस प्रावधान से छूट दी थी।
हालांकि, यह मंत्रालय के संज्ञान में लाया गया है कि उक्त प्रावधान के विपरीत, कुछ राज्य शस्त्र अधिनियम के प्रावधानों की गलत व्याख्या करके राइफल क्लब और राइफल संघों (केंद्र द्वारा लाइसेंस प्राप्त या मान्यता प्राप्त) के सदस्यों को उनकी व्यक्तिगत क्षमता में दो से अधिक आग्नेयास्त्र रखने की अनुमति दे रहे हैं।
इस तरह के उल्लंघन पर आपत्ति जताते हुए, गृह मंत्रालय ने राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों से कहा कि राइफल क्लब और राइफल संघों के सदस्यों को उनकी व्यक्तिगत क्षमता में कोई छूट उपलब्ध नहीं है तथा शस्त्र अधिनियम के अनुसार दो आग्नेयास्त्रों की सामान्य सीमा का पालन किया जाना चाहिए।
मंत्रालय ने कहा, "उपरोक्त के मद्देनजर, सभी राज्य सरकारों और केंद्रशासित प्रदेशों के प्रशासन से अनुरोध है कि वे इस तरह के उल्लंघन को रोकने के लिए तत्काल कार्रवाई करें।"
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)