देश की खबरें | गुजरात में ‘गुमशुदा महिलाओं’ के मामले पर शिवसेना (यूटीबी) ने मोदी और शाह पर निशाना साधा

मुंबई, नौ मई उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली शिवसेना (यूटीबी) ने गुजरात में पिछले पांच वर्ष में 40 हजार महिलाओं के गुमशुदा होने से संबंधित राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (एनसीआरबी) के आंकड़ों का हवाला देते हुए मंगलवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पर निशाना साधा।

शिवसेना (यूटीबी) के मुखपत्र ‘सामना’ में एक संपादकीय में कहा गया है कि इससे राज्य का “स्याह पहलू” सामने आया है।

संपादकीय में कहा गया है कि देश में गुमशुदा महिलाओं के बारे में राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (एनसीआरबी) के आंकड़ों ने गुजरात सरकार की खामियों को उजागर किया है। इसमें एनसीआरबी के आंकड़ों का हवाला देते हुए कहा गया है कि पिछले पांच वर्षों के दौरान गुजरात में लगभग 40,000 महिलाएं लापता हो गईं।

संपादकीय में कहा गया है, “एक अभियान चलाया गया कि गुजरात देश में विकास का इकलौता मॉडल है। अंतरराष्ट्रीय नेताओं को मुंबई और दिल्ली से पहले गुजरात लाया गया। एक धारणा बनाई गई कि प्रधानमंत्री मोदी का राज्य होने के नाते गुजरात स्वर्ग है, लेकिन इस (लापता महिलाओं के आंकड़े) ने राज्य के स्याह पहलू को उजागर किया है।”

इसमें कहा गया है कि अगर मोदी-शाह के शासन में सारा विकास हुआ है, तो गुजरात से लापता हजारों महिलाओं को कौन ढूंढेगा तथा अगर गुजरात में कानून का राज है तो लापता महिलाओं को न्याय मिलना चाहिए।

उल्लेखनीय है कि गुजरात पुलिस ने सोमवार को सिलसिलेवार ट्वीट कर बताया कि एनसीआरबी द्वारा ‘भारत में अपराध-2020 रिपोर्ट’ में प्रकाशित आंकड़ों के अनुसार, 2016-20 के दौरान 41,621 महिलाएं लापता हो गईं थीं, जिनमें से 39,497 (94.90 प्रतिशत) लापता महिलाओं का गुजरात पुलिस ने पता लगा लिया है और उन्हें उनके परिवारों से मिला दिया है।

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