देश की खबरें | शाह असम में कूच-राजबंशी समुदाय के नेता के आवास पहुंचे

ऐसा माना जा रहा है कि दोनों ने कूच-राजबंशी समुदाय के कल्याण से जुड़े मामलों पर चर्चा की।

खुद को बंगाल में कूचबिहार शाही परिवार का वंशज बताने वाले रॉय ने पत्रकारों को बताया कि केन्द्रीय गृह मंत्री ने निम्न असम और पड़ोसी राज्य में पर्याप्त आबादी वाले उनके समुदाय की लंबित मांगों पर उनसे बातचीत की।

शाह बुधवार रात गुवाहाटी पहुंचे थे।

रॉय के छातीपुर आवास पर शाह के साथ भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव कैलाश विजयवर्गीय, नॉर्थ ईस्ट डेमोक्रेटिक अलायंस (एनईडीए) के संयोजक हिमंत बिस्वा शर्मा और असम भाजपा के अध्यक्ष रणजीत दास भी पहुंचे।

रॉय ने कहा, ‘‘ बैठक में हमारी सभी लंबित मांगों पर चर्चा हुई और अब मैं यही कह सकता हूं कि कूच-राजबंशी समुदाय के अच्छे दिन आने ही वाले हैं।’’

कूच-राजबंशी समुदाय सहित असम के पांच अन्य समुदाय लंबे समय ने उन्हें अनुसूचित जाति का दर्जा दिए जाने की मांग कर रहे हैं।

इस संबंध में किसी तरह की प्रगति के सवाल पर रॉय ने कोई भी जानकारी देने से इनकार कर दिया।।

असम और पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव से पहले भाजपा के साथ गठबंधन के सवाल पर रॉय ने स्पष्ट किया, ‘‘ उनका संगठन, जिसको 18.50 लाख सदस्यों का समर्थन प्राप्त है, वह पहले ही राजग का हिस्सा है।’’

जीसीपीए के प्रमुख के अनुसार शाह को ‘‘पारम्परिक खाना परोसा गया, जिसमें पीठा और तिल के लड्डू शामिल थे और उन्हें खाना पसंद आया और उन्होंने और भी मांगा।’’

रॉय ने बताया कि उन्होंने दिल्ली यात्रा के दौरान शाह को उनके आवास पर आने का निमंत्रण दिया था।

असम और पश्चिम बंगाल में अप्रैल और मई में विधानसभा चुनाव होने की संभावना है।

शाह यहां से कूचबिहार गए हैं।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)