देश की खबरें | प्रस्तावित चुनाव आयुक्त चयन विधेयक, 2024 के लोकसभा चुनाव में धांधली की चाल: टीएमसी
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) ने बृहस्पतिवार को आरोप लगाया कि मुख्य चुनाव आयुक्त और अन्य चुनाव आयुक्तों (ईसी) की नियुक्ति को विनियमित करने के लिए नया प्रस्तावित विधेयक वर्ष 2024 के लोकसभा चुनाव में हेराफेरी करने की एक चाल है क्योंकि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) विपक्षी गठबंधन इंडियन नेशनल डेवलपमेंटल इन्क्लूसिव एलायंस ‘इंडिया’ से डर गई है।
कोलकाता, 10 अगस्त तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) ने बृहस्पतिवार को आरोप लगाया कि मुख्य चुनाव आयुक्त और अन्य चुनाव आयुक्तों (ईसी) की नियुक्ति को विनियमित करने के लिए नया प्रस्तावित विधेयक वर्ष 2024 के लोकसभा चुनाव में हेराफेरी करने की एक चाल है क्योंकि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) विपक्षी गठबंधन इंडियन नेशनल डेवलपमेंटल इन्क्लूसिव एलायंस ‘इंडिया’ से डर गई है।
राज्यसभा में बृहस्पतिवार को पेश विधेयक के मुताबिक, भविष्य में मुख्य चुनाव आयुक्त और अन्य चुनाव आयुक्तों का चयन प्रधानमंत्री की अध्यक्षता वाली तीन सदस्यीय समिति करेगी जिसमें लोकसभा में प्रतिपक्ष के नेता और एक कैबिनेट मंत्री इसके सदस्य होंगे।
उच्चतम न्यायालय ने मार्च में अपने फैसले में कहा था कि समिति में प्रधानमंत्री, लोकसभा में प्रतिपक्ष के नेता और भारत के मुख्य न्यायाधीश को होना चाहिए।
टीएमसी के प्रवक्ता साकेत गोखले ने इसे वर्ष 2024 के आम चुनाव में धांधली करने का एक प्रयास करार दिया।
उन्होंने ट्वीट किया, ‘‘ यह चौंकाने वाला है, भाजपा वर्ष 2024 के चुनाव में खुलेआम धांधली करने जा रही है। मोदी सरकार ने एक बार फिर उच्चतम न्यायालय के फैसले को बेशर्मी से कुचल दिया है और चुनाव आयोग को अपना चमचा बना रही है।’’
गोखले ने कहा कि विधेयक में मुख्य चुनाव आयुक्त और दो चुनाव आयुक्तों की नियुक्ति के लिए गठित चयन समिति में मुख्य न्यायाधीश के स्थान पर एक केंद्रीय मंत्री को शामिल किया गया है, जबकि उच्चतम न्यायालय ने अपने फैसले में स्पष्ट रूप से कहा था कि समिति में (ए) भारत के मुख्य न्यायाधीश, (बी) प्रधानमंत्री और (सी) प्रतिपक्ष के नेता होने चाहिए।
गोखले ने कहा कि विधेयक में मोदी सरकार ने प्रधान न्यायाधीश की जगह केंद्रीय मंत्री की नियुक्ति का प्रावधान किया है। उन्होंने कहा कि अब मूल रूप से मोदी और एक मंत्री पूरे चुनाव आयोग की नियुक्ति करेंगे।
उन्होंने अपने ट्वीट में कहा कि यह वर्ष 2024 के चुनाव में धांधली की दिशा में उठाया गया एक स्पष्ट कदम है क्योंकि ‘इंडिया’ का खौफ भाजपा के दिल में समा गया है।
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)