देश की खबरें | एनसीईआरटी की नकली किताबें छापने के आरोप में एक शख्स गिरफ्तार

नयी दिल्ली, पांच अक्टूबर पुलिस ने मंगलवार को बताया कि राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद (एनसीईआरटी) की नकली किताबें छापने में संलिप्त होने के आरोप में 38 वर्षीय एक शख्स को गिरफ्तार किया गया है।

पुलिस उपायुक्त (अपराध) राजेश देव ने बताया कि शाहदरा निवासी आरोपी मनोज जैन को सोमवार को गिरफ्तार किया गया। बाहरी दिल्ली के मंडोली इलाके में 18 सितंबर को मेला राम फार्म्स में उसकी छपाई फैक्ट्री में छापा मारा गया था जिसके बाद यह गिरफ्तारी की गयी।

पुलिस ने बताया कि जैन करीब आठ वर्षों से छपाई के कारोबार में था और उसने जनवरी 2020 में मंडोली में यह फैक्ट्री शुरू की थी। कोरोना वायरस को फैलने से रोकने के लिए लगाए लॉकडाउन के दौरान उसे कारोबार में भारी घाटा हुआ था।

उन्होंने बताया कि घाटे की भरपायी के लिए उसने एनसीईआरटी की नकली किताबों की छपाई शुरू कर दी थी।

डीसीपी ने बताया कि फैक्ट्री से करीब 5,000 नकली किताबें और एनसीईआरटी की मुद्रित सामग्री बरामद की गयी जिसकी कीमत 35 लाख रुपये के आसपास है।

पुलिस ने बताया कि भारतीय दंड संहिता और कॉपीराइट अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत उस पर मामला दर्ज किया गया है। फैक्ट्री पर 18 सितंबर को छापा मारे जाने के बाद से ही जैन फरार था।

उन्होंने बताया कि एक खुफिया सूचना मिलने के बाद सतर्कता अधिकारी और एनसीईआरटी के एक अधिकारी के साथ मिलकर छापा मारा गया।

डीसीपी ने कहा, ‘‘इन खराब गुणवत्ता वाली नकली किताबों को सस्ती दरों पर बाजार में आपूर्ति की जा रही थी जिससे एनसीईआरटी को राजस्व का भारी नुकसान हो रहा था। इस फैक्ट्री में छठी और 12वीं कक्षा की विभिन्न विषयों पर एनसीईआरटी की नकली किताबें प्रकाशित की गयीं।’’ उन्होंने बताया कि मामले की जांच चल रही है।

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