नयी दिल्ली, 11 अगस्त एनएससीएन-आईएम ने मंगलवार को नगालैंड के राज्यपाल और शांति वार्ता के लिए वार्ताकार आर एन रवि पर निशाना साधा और शांति वार्ता को आगे बढ़ाने के लिए नये वार्ताकार को नियुक्त किये जाने की मांग की।
नगा उग्रवादी समूह ने एक बयान में कहा कि केन्द्र सरकार को शांति वार्ता आगे बढ़ाने के लिए नये वार्ताकार को नियुक्त करना चाहिए।
यह भी पढ़े | New Symptoms Of Coronavirus: कोरोना वायरस के नए लक्षण आए सामने, मगर डरने की जरूरत नही.
समूह ने कहा, ‘‘ लगातार छह प्रधानमंत्रियों से होकर गुजरने वाली 23 साल की राजनीतिक वार्ता का सारा परिश्रम वार्ताकार के शरारतपूर्ण कृत्य के कारण व्यर्थ हो रहा है और यह वार्ताकार एक बोझ बने गये हैं।’’
एनएससीएन-आईएम नेतृत्व इस समय दिल्ली में है और पिछले कुछ दिनों में आधिकारिक स्तर की दो दौर की वार्ता हुई है।
एनएससीएन-आईएम ने आरोप लगाया कि रवि की ‘‘गलत हरकतों’’ ने शांति वार्ता के लिए पक्षों के बीच ‘‘तनावपूर्ण’’ स्थिति पैदा कर दी और स्थिति अब एक कठिन बिंदु तक पहुंच रही है।
2015 के समझौते की रूपरेखा का जिक्र करते हुए समूह ने कहा कि समझौता भारत सरकार द्वारा नगा के अनूठे इतिहास और नगा मुद्दे के अंतिम समाधान के आधार पर था।
एनएससीएन-आईएम नेतृत्व और रवि ने इस समझौते पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की उपस्थिति में हस्ताक्षर किये थे।
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)













QuickLY