जरुरी जानकारी | सकल ऊर्जा खपत में प्राकृतिक गैस की हिस्सेदारी 2025 तक पहुंच सकती है 10 प्रतिशत: गेल निदेशक
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनी गेल इंडिया के निदेशक (विपणन) ई एस रंगनाथन ने शुक्रवार को कहा कि भारत की कुल ऊर्जा खपत में प्राकृतिक गैस की हिस्सेदारी 2025 तक बढ़कर 10 प्रतिशत तक पहुंच सकती है।
नयी दिल्ली, 21 अगस्त सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनी गेल इंडिया के निदेशक (विपणन) ई एस रंगनाथन ने शुक्रवार को कहा कि भारत की कुल ऊर्जा खपत में प्राकृतिक गैस की हिस्सेदारी 2025 तक बढ़कर 10 प्रतिशत तक पहुंच सकती है।
उन्होंने कहा कि प्राकृतिक गैस को उपभोक्ताओं तक पहुंचाने के लिए बुनियादी ढांचे में किए जा रहे भारी निवेश के कारण यह बढ़ोतरी होगी।
यह भी पढ़े | SP Balasubrahmanyam Health Update: अस्पताल में कोरोना का इलाज करा रहे एस.पी. बालासुब्रमण्यम की हालत नाजुक.
इस समय देश की कुल ऊर्जा खपत में प्राकृतिक गैस की हिस्सेदारी करीब 6.2 प्रतिशत हिस्सेदारी है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कार्बन उत्सर्जन में कटौती करने के लिए 2030 तक ऊर्जा खपत में प्राकृतिक गैस की हिस्सेदारी 15 प्रतिशत तक बढ़ाने का लक्ष्य रखा है।
यह भी पढ़े | Puducherry Fire: कोकोनट हार्बर के पास नाव निर्माण कारखाने में लगी आग, 8 फायर टेंडर मौके पर मौजूद.
रंगनाथन ने पीएचडीसीसीआई की वेबवार्ता में कहा कि गैस की मांग में साल दर साल आठ प्रतिशत वृद्धि (सीएजीआर) के साथ 2015 तक भारत की प्राथमिक ऊर्जा आपूर्ति में गैस की हिस्सेदारी बढ़कर करीब 10 प्रतिशत होने की उम्मीद है।
सरकार देश में बढ़ती गैस की मांग को पूरा करने के लिए आयात क्षमता तैयार करने के साथ ही पाइपलाइन नेटवर्क का विस्तार करने के लिए अरबों डॉलर का निवेश कर रही है।
इसके अलावा परिवहन ईंधन के साथ ही रसोई ईंधन के रूप में गैस की हिस्सेदारी बढ़ाने के लिए शहरों के गैस वितरण नेटवर्क का विस्तार किया जा रहा है।
रंगनाथन ने कहा कि सरकार ने पिछले कुछ वर्षों के दौरान देश में तेल और गैस की खोज तथा उत्पादन बढ़ाने के लिए कई नीतिगत उपाय किए हैं, जिसमें उदारीकृत लाइसेंसिंग व्यवस्था और मूल्य निर्धारण तथा विपणन की आजादी देना शामिल है।
इस समय देश में कुल प्राकृतिक गैस पाइपलाइन नेटवर्क लगभग 17,500 किमी है, जिसमें 12,500 किमी गेल द्वारा संचालित है।
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)