देश की खबरें | विदेश से आगमन के बाद संक्रमित पाए जाने पर पृथक केंद्र में रहना अनिवार्य नहीं: अधिकारी
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on India at LatestLY हिन्दी. विदेशों से भारत आने पर कोरोना वायरस से संक्रमित पाए जाने वाले व्यक्तियों का तय मानक नियमों के अनुसार इलाज किया जाएगा और उन्हें किसी पृथक केंद्र में रहना अनिवार्य नहीं होगा। अधिकारियों ने यह जानकारी दी।
नयी दिल्ली, 21 जनवरी विदेशों से भारत आने पर कोरोना वायरस से संक्रमित पाए जाने वाले व्यक्तियों का तय मानक नियमों के अनुसार इलाज किया जाएगा और उन्हें किसी पृथक केंद्र में रहना अनिवार्य नहीं होगा। अधिकारियों ने यह जानकारी दी।
विदेश से आने वाले लोगों के लिये बृहस्पतिवार को जारी संशोधित दिशा-निर्देशों के अनुसार नया नियम 22 जनवरी से लागू होगा और अगले आदेश तक प्रभावी रहेगा। शेष प्रावधानों में कोई बदलाव नहीं किया गया है।
वर्तमान दिशा-निर्देशों के अनुसार 'जोखिम वाले' देशों सहित किसी भी देश से आने वाले व्यक्ति को पृथकता केंद्र में रखना और निर्धारित मानक नियमों के अनुसार उनका इलाज कराना अनिवार्य है।
संशोधित दिशा-निर्देशों में उस उपबंध को हटा दिया गया है, जिसमें कहा गया था कि विदेश से आगमन पर ''पृथकता केंद्र'' में रहना अनिवार्य है।
स्क्रीनिंग के दौरान जिन यात्रियों में लक्षण दिखाई देंगे, उन्हें तुरंत पृथक कर स्वास्थ्य प्रोटोकॉल के अनुसार स्वास्थ्य केंद्र में ले जाया जाएगा। यदि वे संक्रमित पाए गए, तो उनके संपर्क में आए लोगों की पहचान कर नियमों के अनुसार उनकी देखभाल की जाएगी।
विदेश से आने पर संक्रमित पाए गए लोगों को संक्रमण से मुक्त होने के बाद भी सात दिन तक गृह पृथकवास में रहना होगा और आगमन के आठवें दिन आरटी-पीसीआर जांच करानी होगी।
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