जरुरी जानकारी | इनोटेरा, आईसीएआर ने जैव कीटनाशक का खेतों में परीक्षण करने के लिए समझौता किया
Get Latest हिन्दी समाचार, Breaking News on Information at LatestLY हिन्दी. देश के सबसे बड़े फल उत्पादकों में से एक इनोटेरा इंडिया ने शुक्रवार को भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद के साथ एक वैश्विक साझेदारी पर हस्ताक्षर किए। इस साझेदारी का उद्देश्य, केले के फफूंद रोग ‘फुसैरियम विल्ट’ के खिलाफ हाल में विकसित जैव कीटनाशक का खेतों में परीक्षण करना है।
नयी दिल्ली, एक अक्टूबर देश के सबसे बड़े फल उत्पादकों में से एक इनोटेरा इंडिया ने शुक्रवार को भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद के साथ एक वैश्विक साझेदारी पर हस्ताक्षर किए। इस साझेदारी का उद्देश्य, केले के फफूंद रोग ‘फुसैरियम विल्ट’ के खिलाफ हाल में विकसित जैव कीटनाशक का खेतों में परीक्षण करना है।
अभी तक, दुनिया भर में केले की फसलों में आने वाली फुसैरियम विल्ट समस्या के समाधान का कोई रास्ता नहीं था। हालाँकि, भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (आईसीएआर) ने इस बीमारी से निपटने के लिए ‘फूजीकोन्ट’ नामक एक जैव कीटनाशक विकसित की है।
इनोटेरा ने एक बयान में कहा कि आईसीएआर के साथ साझेदारी का उद्देश्य वैश्विक स्तर पर इस जैव कीटनाशक की प्रभावशीलता के संबंध में खेत परीक्षण करना है।
आईसीएआर के महानिदेशक त्रिलोचन महापात्र ने कहा, ‘‘यह सार्वजनिक-निजी-किसान भागीदारी मॉडल का एक उत्कृष्ट उदाहरण है।’’
इनोटेरा, भारतीय परिचालन हेड ऑफ ऑपरेशंस इंडिया (फसल विभाग), अनूप करवा ने कहा कि कंपनी को उम्मीद है कि ‘फूजीकोन्ट’ नामक इस जैव कीटनाशक के साथ उत्पादन में होने वाले नुकसान में 90 प्रतिशत तक की कमी आएगी, जिससे किसानों को उपज बढ़ाने में मदद मिलेगी और केले की फसल की गुणवत्ता लगातार बनी रहेगी।
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