देश की खबरें | महंगाई, वित्तीय कुप्रबंधन मोदी सरकार के आठ वर्ष के ‘पर्याय’: टीएमसी
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कोलकाता, 30 मई तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) ने सोमवार को कहा कि अर्थव्यवस्था का कुप्रबंधन, उच्च मुद्रास्फीति और संवैधानिक सिद्धांतों का उल्लंघन केंद्र में नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार के आठ साल के शासन का ‘‘पर्याय’’ हैं।
टीएमसी की वरिष्ठ नेताओं एवं मंत्रियों शशि पांजा और चंद्रिमा भट्टाचार्य ने कहा कि मोदी सरकार ‘‘सभी मोर्चों पर विफल रही है।’’ उन्होंने मांग की कि ‘पीएम केयर्स फंड’ का उचित ऑडिट किया जाना चाहिए।
भट्टाचार्य ने कहा, ‘‘ईंधन की तेजी से बढ़ती कीमत, उच्च मुद्रास्फीति दर और आवश्यक वस्तुओं की बढ़ती कीमतें मोदी शासन के पर्याय हैं। यह भी चिंताजनक है कि संविधान को लगातार कमजोर किया जा रहा है और उसकी अवहेलना की जा रही है।’’ उन्होंने ‘पीएम केयर्स फंड’ के बारे में कहा कि इसकी जांच और ऑडिट किया जाना चाहिए।
भट्टाचार्य ने कहा, ‘‘भाजपा सरकार में कुशासन हावी है। ‘पीएम केयर्स फंड’ को ऑडिट से छूट क्यों दी जानी चाहिए? पीएम केयर्स में दान की गई राशि जनता की सेवा के लिए थी या उनकी पार्टी के लिए थी?’’
प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व वाली राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन सरकार ने सोमवार को सत्ता में आठ साल पूरे कर लिये। टीएमसी की टिप्पणी पर प्रतिक्रिया जताते हुए भाजपा ने कहा, ‘‘अर्थव्यवस्था का कुप्रबंधन और अराजकता टीएमसी सरकार की पहचान है।’’
भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष सुकांत मजूमदार ने कहा, ‘‘केंद्र पर उंगली उठाने से पहले टीएमसी को पहले अपने पिछले 11 वर्षों के प्रदर्शन के रिकॉर्ड को देखना चाहिए।’’
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