देश की खबरें | केरल में सब्जियों और फलों के लिए इंडो-डच उत्कृष्टता केंद्र की शुरुआत

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एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

नयी दिल्ली, छह नवंबर केरल के वायनाड जिले में सब्जियों और फलों के लिए इंडो-डच उत्कृष्टता केंद्र (सीओई) खोला गया है। एक आधिकारिक बयान में शुक्रवार को इसकी जानकारी दी गयी ।

बयान में कहा गया कि पहले चरण में यह केंद्र किसानों को सब्जियों और फूलों की खेती, उत्पादन जैसी विभिन्न गतिविधियों में मदद करेगा । इसके अलावा यहां से गुणवत्ता परक और उन्नत किस्म के बीज किसानों को वितरित किए जाएंगे। किसानों, उद्यमियों एवं अधिकारियों को प्रशिक्षण भी दिए जाएंगे।

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हेग में भारतीय दूतावास द्वारा जारी एक बयान में कहा गया, ‘‘बढ़िया गुणवत्ता के पौधों के लिए टिशू कल्चर प्रयोगशाला स्थापित की जा रही है। केंद्र जिले में कृषि-बागवानी पर्यटन में संभावनाओं का भी पता लगाएगा। वायनाड को फूलों की खेती के क्षेत्र के तौर पर विकसित करने का विचार है।’’

बयान के मुताबिक यह केंद्र वायनाड जिले के अंबलावायल में केरल कृषि विश्वविद्यालय के क्षेत्रीय कृषि अनुसंधान केंद्र में स्थित होगा। केरल के मुख्यमंत्री पिनराई विजयन ने बृहस्पतिवार को डिजिटल सम्मेलन में ‘सब्जियों और फूलों के लिए उत्कृष्टता केंद्र’ का उद्घाटन किया। केंद्रीय कृषि और किसान कल्याण मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने कार्यक्रम की अध्यक्षता की ।

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बयान में उत्कृष्टता केंद्र के उद्घाटन के बाद विजयन ने कहा कि यह केंद्र केरल में कृषि क्षेत्र को संवारने में मदद करेगा और नीदरलैंड में फूलों के खेती, सब्जियों की खेती में अपनाए जा रहे कई नवोन्मेषी प्रौद्योगिकी को यहां लागू करेगा। तोमर ने कहा कि उत्कृष्टता केंद्र से ना केवल केरल बल्कि पूरे देश को फायदा होगा ।

केंद्र और राज्य सरकारों द्वारा मुहैया कराए गए 13 करोड़ रुपये की लागत से उत्कृष्टता केंद्र को स्थापित किया गया है और नीरदलैंड सरकार ने इसमें तकनीकी सहयोग दिया है । इंडो-डच संयुक्त कार्ययोजना के तहत यह दूसरा उत्कृष्टता केंद्र होगा। इससे पहले 2017 में महाराष्ट्र के बारामती में इस तरह के केंद्र की स्थापना की गयी थी।

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